हाउस टैक्स का मामला
गाजियाबाद (युग करवट)। हाउस टैक्स की बढ़ोत्तरी को लेकर अभी तक राजनीति समाप्त नहीं हुई है। व्यापार मंडल हो या अन्य संगठन हो वो अब भी इस बात को लेकर परेशान हैं कि टैक्स किस हिसाब से जमा करें। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा गोरखपुर में हाउस टैक्स के संबंध में पूरे प्रदेश के नगर निगमों के संबंध में दिये गये बयान की वीडियो अब हाईकोर्ट जाने वाले नेताओं की ओर से जारी की गई है। भाजपा के वरिष्ठ नेता राजेंद्र त्यागी ने मुख्यमंत्री की वीडियो जारी की है। साथ में उन्होंने लिखा है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के संबोधन के बाद भी हाउस को पुरानी दरों पर नहीं किया गया है। उन्होंने लिखा है कि जनता को गुमराह किया जा रहा है। केवल आंशिक राहत दी गई है। पूर्ण रोलबेक नहीं हुआ है। इसलिए महापौर,पार्षदगण और जनप्रतिनिधि द्वारा ये कहना कि पुरानी दरें लागू हो चुकी है, पूरी तरह से गलत है। उन्होंने वीडियो जारी करते हुए लोगों से कहा है कि मुख्यमंत्री का संबोधन वाला वीडियो ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाएं। आपको बता दें कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में स्पष्टï तौर पर कहा था कि वो टैक्स बढऩे के पक्ष में नहीं हैं।
उन्होंने ये कहा था कि सभी नगर निगमों को ये आदेश दिये गये हैं कि कोई भी नया टैक्स लागू नहीं होगा पुराना टैक्स ही लागू रहेगा। उन्होंने ये भी कहा था कि नौ साल की सरकार में उन्होंने एक प्रतिशत टैक्स भी नहीं बढ़ाया है और उसके बाद भी आर्थिक स्थिति मजबूत ही है। मुख्यमंत्री ने ये भी कहा था कि जिन लोगों ने बढ़ा हुआ टैक्स दे दिया है उसे समायोजित कराएंगे। मुख्यमंत्री ने ये भी कहा था कि जो टैक्स पुराना लिया जाएगा वो टैक्स भी जनता के विकास पर ही खर्च करेंगे। उन्होंने कहा कि किराया भी नहीं बढ़ाया जाएगा।
बादलों की तरह मिसाल दी टैक्स को लेकर
गाजियाबाद (युग करवट)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जो टैक्स दे रहा है उससे नया टैक्स नहीं लिया जाएगा बल्कि राहत दी जाएगी। उन्होंने टैक्स व्यवस्था वैसी ही होनी चाहिए जैसे बादल समुद्र से जल लेते हैं और फिर बरसात के रूप में वापस कर देते हैं। ठीक उसी तरह उसे जनता की वेलफेयर में उसे खर्च करना चाहिए।
मुख्यमंत्री से पहले मेयर सुनीता दयाल बढ़े हुए टैक्स के समायोजित की बात कह चुकी हैं
गाजियाबाद (युग करवट)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में टैक्स को समायोजित की बात कही है उससे पहले ही मेयर सुनीता दयाल ३० जून २०२५ के बाद कई बार जनता से इस बात की अपील कर चुकी हैं कि वो बढ़ा हुआ टैक्स जमा ना करें। इतना ही नहीं उन्होंने ये कहा कि जो टैक्स अगर बढ़ा हुआ जमा हो गया है तो उसे वो समायोजित कराएंगी। जनता के साथ सीधे तौर पर खड़ी होने वाली मेयर पहले दिन से ही हाउस टैक्स को लेकर जनता के साथ दिखाई दी हैं।