नोएडा (युग करवट)यूपी के कामगारों और नियोक्ताओं के लिए बड़ी खबर है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में नये वेज बोर्ड के गठन को मंजूरी दे दी है। अब जल्द ही नई नियमावली प्रकाशित होने के साथ ही वेज बोर्ड के अध्यक्ष व सदस्यों के नाम का ऐलान हो जाएगा। श्रम विभाग ने इसे लेकर कवायद शुरू कर दी है। इसमें श्रम संगठनों और नियोक्ताओं की समान भागीदारी होगी, जबकि एक तिहाई स्वतंत्र सदस्य होंगे जो आर्थिक क्षेत्र के जानकार होंगे। मुख्यमंत्री की इस निर्णय से यहां के लाखों श्रमिकों में न्याय मिलने की आस जगी। यूपी में 12 साल बाद नए वेज बोर्ड के गठन की कवायद शुरू हो गई है। अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस के मौके पर एक मई को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसका ऐलान किया था। उन्होंने कामगारों को भरोसा दिलाया था कि सरकार उनके साथ खड़ी है। वहीं चेताया भी था कि उद्योग और श्रमिक एक दूसरे के पूरक हैं। नया वेज बोर्ड वेतन के साथ ही कामगारों की सामाजिक सुरक्षा भी बढ़ाएगा।
बोर्ड की सिफारिश के आधार पर न्यूनतम मजदूरी की दरें नये सिरे से तय होंगी जबकि सरकार का पांच करोड़ लोगों को सामाजिक सुरक्षा देने का लक्ष्य है। श्रमिकों के साथ ही औद्योगिक विकास का भी ख्याल रखा जाएगा।