गाजियाबाद (युग करवट)। बीती रात डीसीपी रूरल सुरेंद्रनाथ तिवारी की स्वॉट टीम ने ट्रोनिका सिटी थाना पुलिस के साथ मिलकर हार्डवेयर कारोबारी विनोद गुप्ता निवासी पुश्ता की नृशंस हत्या करने वाले अभियुक्त के पैर में गोली मारकर उसे दबोच लिया। पुलिस ने उसके पास से तमंचा, कारतूस व मोटरसाईकिल बरामद की है। यह जानकारी देते हुए डीसीपी रूरल सुरेंद्रनाथ तिवारी ने बताया कि घायल अभियुक्त ने अपना नाम बिलाल निवासी अंकुर विहार बताया। पुलिस ने जब बिलाल से यह पूछा कि उसने कारोबारी विनोद गुप्ता का कत्ल क्यों किया तो उसने बताया कि उसने अपने दो भाईयों फरमान व गुलजार के साथ मिलकर विनोद गुप्ता से प्लॉट खरीदा था। उसने दो-तीन लाख रुपये तो विनोद गुप्ता को पेशगी के रूप में दे दिये थे लेकिन बाकी रकम जुए में हार जाने की वजह से व्यापारी को नहीं दे पाये। पैसे ना मिलने पर विनोद गुप्ता ने जब उन पर दवाब बनाना शुरू किया तो उसके प्लॉट की रकम डकारने के लिये उसने दोनों भाईयोंं के साथ मिलकर विनोद गुप्ता की हत्या चाकुओं से गोदकर कर दी। बिलाल ने बताया कि कारोबारी की हत्या करने के बाद वो तीनों वहां से भाग गये थे। श्री तिवारी ने बताया कि पुलिस ने कल घायल बिलाल के भाईयों फरमान व गुलजार को गिरफ्तार करके उनके पास से हत्या में प्रयुक्त दो चाकू बरामद कर लिये थे। डीसीपी रूरल ने बताया कि दो दिन पूर्व ट्रोनिका सिटी थाना क्षेत्र में हार्डवेयर कारोबारी विनोद गुप्ता के मर्डर चाकुओं से गोदकर कर दिया गया था। व्यापारी की लाश मंडोला के पास मिली थी। बता दें कि विनोद गुप्ता के मर्डर का पता लगने पर उसकी पत्नी बबीता गुप्ता ने पुलिस को बताया था कि वो सैलून से निकले और उनकी मकान में स्टीकर लगाने की दुकान करने वाले बिलाल व उसके भाईयों गुलजार व फरमान के साथ कहीं जरूरी कार्य से जा रहें हैं। पुलिस ने जब मृतक की पत्नी के द्वारा बताई गई बात पर जांच की तो मर्डर का खुलासा होने में देर ना लगी।