चंपत राय, अनिल मिश्रा, गोपाल राव का भी नाम
लखनऊ (युग करवट)। सूत्रों के मुताबिक, रिपोर्ट में ट्रस्ट के पदाधिकारियों पर सबसे बड़ा सवाल उठाया गया है। कुछ की भूमिका भी उजागर की गई है। अंदेशा जताया गया है कि वह हेरफेर में शामिल रहे हैं। वहीं कुछ पदाधिकारियों को लापरवाही का दोषी पाया गया। जिनकी निगरानी में चढ़ावा चोरी हुआ। फिलहाल मामले में सबसे अधिक जो पदाधिकारी सवालों के घेरे में हैं, उनमें ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय, अनिल मिश्रा व निर्माण सहायक गोपाल राव का नाम शामिल है। इसके अलावा इन पदाधिकारियों के रिश्तेदार व करीबियों का भी जांच रिपोर्ट में जिक्र है। खासकर चंपत राय के करीबी टिन्नूू यादव, अनिल मिश्रा के रिश्तेदार, गोपाल राव के रिश्तेदार सोम आदि का। सूत्रों के मुताबिक, चढ़ावा चोरी में सीधे तौर पर 25-30 लोगों की भूमिका पाई गई है। अब इन सभी पर जल्द केस दर्ज हो सकता है। अनिल मिश्रा पर 40 प्रतिशत कमीशन लेने के आरोपों का भी जिक्र एसआईटी ने किया है।