प्रशासन ने नई मूर्ति स्थापित कर संभाली स्थिति, दो संदिग्धों को लिया गया हिरासत में
गाजियाबाद (युग करवट)। शनिवार की रात को लोनी बॉर्डर थाना क्षेत्र की इंद्रापुरी कॉलोनी में लगी डाक्टर भीमराव अंबेडक़र की मूर्ति को शरारती तत्वों ने खंडि़त कर दिया। कई स्थानों पर लगे पोस्टर व बैनरर्स भी फाडक़र स्थिति को बिगाडऩे का प्रयास किया। इस घटना की सूचना जैसे ही रविवार की सुबह स्थानीय लोगों एवं बहुजन समाज के व्यक्तियों को लगी तो उनमें आक्रोश व्याप्त हो गया। उसके बाद सैंकड़ों लोगों ने सडक़ पर जाम लगाकर लोनी बॉर्डर थाने पर प्रदर्शन व हंगामा किया। हंगामे की सूचना मिलते ही मौके पर डीसीपी रूरल सुरेंद्रनाथ तिवारी के अलावा एसीपी लोनी सिद्घार्थ गौतम, एसीपी, एडीसीपी अंकुर विहार ज्ञान प्रकाश राय व एसीपी मोदीनगर भास्कर वर्मा के अलावा कई अधिकारी मौके पर पहुंचकर आक्रोशित लोगों को समझा बुझाने में लग गये। लेकिन लोगों ने हंगामा करना नहीं छोड़ा और भीड़ बवाल करने पर उतारू हो गई। सूत्रों के अनुसार शरारती तत्वों ने कानून व्यवस्था खराब करने की कोशिश करते हुए उस एफआईआर की कॉपी को भी फाड़ दिया कि जिसे पुलिस की तरफ से लिखवाया गया था। पुलिस ने हल्का बल का प्रयोग करके लोगों को वहां से खदेड़ दिया। इसी बीच वहां पर लोनी विधायक नन्दकिशोर गुर्जर भी पहुंचकर स्थिति को सामान्य बनाने की कवायद में जुट गये।
श्री गुर्जर ने कहा प्रदर्शन कर रहे लोगों से कहा कि कुछ लोग बाबा साहब की मूर्ति को खंडि़त करके न केवल स्थिति को बिगाड़ रहे हैं बल्कि कानून को चुनौती दे रहे हैं। ऐसे लोगों के खिलाफ कमिश्नरेट पुलिस सख्त से सख्त कार्रवाई करेगी। बहुजन समाज पाटी के जिलाध्यक्ष मनोज कुमार जाटव भी अन्य पदाधिकारियों के साथ मौके पर पहुंच गये। श्री जाटव ने कहा कि जिन शरारती तत्वों ने बाबा साहब की मूर्ति को खंडि़त किया है पुलिस प्रशासन उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई करे।
श्री जाटव ने कहा कि बसपा के कार्यकर्ता जब शांतिपूर्ण प्रदर्शन करके अपना विरोध जता रहे थे उसी समय कुछ अराजक तत्वों ने वहां पर पहुंचकर स्थिति को बिगाडऩे का प्रयास किया। इस घटना की सूचना के बाद मौके पर पहुंचकर सपा व आजाद समाज पार्टी के अलावा अन्य दलों के नेताओं ने शरारती तत्वों पर सख्त कार्रवाई करने की। डीसीपी रूरल सुरेंद्रनाथ तिवारी ने कहा कि जिन अराजक तत्वों ने भीमराव अंबेडक़र की मूर्ति को खंडि़त किया पुलिस ने उनके खिलाफ संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज करके दो संदिग्धों को हिरासत में भी ले लिया। साथ ही बाबा साहब की नई मूर्ति मंगाकर उसे स्थापित कराने की कवायद भी प्रशासन के द्वारा शुरू कर दी गई है।