हाउस टैक्स का मुद्दा
हाउस टैक्स के मुद्दे को लेकर जो राजनीति शुरू हुई है वो अभी भी खत्म होने का नाम नहीं ले रही है। मामला अदालत में होने के बाद और निर्णय आने के बाद शासन स्तर पर मेयर सुनीता दयाल के प्रयास से बढ़ा हुआ हाउस टैक्स कम हुआ लेकिन आज भी लोग संतुष्टï नहीं है और अभी भी राजनीति चल रही है। पूर्व पार्षद राजेंद्र त्यागी, हिमांशु लव, हिमांशु मित्तल, कुछ व्यापारी संगठन असमंजस्य में है और उनका कहना है कि अभी तक कुछ किलयर नहीं है। कुछ का कहना है कि कोई टैक्स कम नहीं हुआ है ये केवल भ्रम फैलाया जा रहा है। कुछ का कहना है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में कहा था कि कोई भी निगम टैक्स नहीं बढ़ाएगा और पुराना टैक्स ही लागू होगा। उसके बाद फिर क्यों टैक्स बढ़ाया गया। हैरत की बात है ये है कि जो लोग हाईकोर्ट गये थे उनका खुद ये मानना था कि टैक्स बढऩा चाहिए था लेकिन तीन सौ गुना नहीं। अब टैक्स थोड़ा ही बढ़ा है उसके बाद भी लगातार बयानबाजी चल रही है। मेयर सुनीता दयाल हाईकोर्ट के आदेश के बाद जिस तरह से शासन में उन्होंने पैरवी की ये सभी के सामने है। एक भी जनप्रतिनिधि शासन में पैरवी के लिए नहीं गया। सुनीता दयाल जनता के हित में पहले दिन से जो बयान दिये थे वो उस पर वो खरी उतरी और जनता के साथ खड़ी ही नजर नहीं आयी बल्कि जो कहा था वो करके भी दिखाया। अब अगर किसी को कोई परेशानी है तो मेयर और नगरायुक्त से मिलकर स्थिति साफ करे और जनता के सामने भी अपनी बात रखे। इन बयानबाजियों से जनता भी असमंजस्य में है। टैक्स कम होने को लेकर जब प्रेस कॉन्फ्रेंस हुई उसके बाद सभी नेताओं ने उसका स्वागत भी किया। हालांकि गुटबाजी इतनी दिखाई दी कि एक व्यापारी संगठन ने तो सभी जनप्रतिनिधियों के फोटो लगाये लेकिन जिनकी मेहनत थी महापौर का उनका फोटो तक नहीं लगाया। इतना ही नहीं सब नेताओं ने मुख्यमंत्री का आभार जताया। ये बात ठीक है कि मुख्यमंत्री का आभार जताना चाहिए। महापौर भी मुख्यमंत्री का आभार जता रही है लेकिन जिसका प्रयास रहा उसको भी नजरअंदाज करना ठीक नहीं है। बहरहाल अब महापौर और नगरायुक्त द्वारा संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस भी कर दी गई। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुरादनगर के विधायक अजितपाल त्यागी भी मौजूद रहे। उन्होंने मुख्यमंत्री के साथ महापौर का भी आभार व्यक्त किया लेकिन अभी भी कुछ लोग असंतुष्टï दिखाई दे रहे हैं और बयानबाजी भी कर रहे हैं जिससे विरोधाभास बना हुआ है। जय हिंद