नोएडा (युग करवट) मेट्रो हॉस्पिटल नोएडा ने एक बार फिर उन्नत न्यूरोसाइंसेज़ के क्षेत्र में अपनी विशेषज्ञता का प्रमाण देते हुए अवेक ब्रेन सर्जरी को सफलतापूर्वक अंजाम दिया है।
नोएडा के सेक्टर- 11 स्थित मेट्रो हास्पिटल में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान डॉ. आकाश मिश्रा ने बताया कि अत्यंत जटिल सर्जरी के दौरान जब मरीज पूरी तरह जाग्रत और होश में होता है, जिससे सर्जरी के दौरान ही मरीज की बोलने, समझने, सोचने और शरीर की गति से जुड़ी क्षमताओं की निरंतर जांच की जा सके। इससे सर्जरी के बाद स्थायी न्यूरोलॉजिकल नुकसान का खतरा काफी कम हो जाता है।
उन्होंने बताया कि हाल ही में किए गए एक ऐसे ही मामले में, 45 वर्षीय पुरुष मरीज को मस्तिष्क के फ्रंटल लोब में एक बड़े ट्यूमर के कारण मेट्रो हास्पिटल में भर्ती किया गया था। ट्यूमर के कारण दिमाग पर अत्यधिक दबाव, मिडलाइन शिफ्ट और हर्निएशन का गंभीर खतरा था। उच्च जोखिम के बावजूद, यह सर्जरी पूरी तरह सफल रही और मरीज को बिना किसी न्यूरोलॉजिकल कमी के स्वस्थ अवस्था में डिस्चार्ज किया गया। डॉ. आकाश मिश्रा ने बताया कि गंभीर ब्रेन शिफ्ट के साथ बड़े फ्रंटल ट्यूमर की सर्जरी न्यूरोसर्जरी की सबसे जटिल चुनौतियों में से एक होती है। अवेक कैनियोटॉमी के माध्यम से हम सर्जरी के दौरान ही मरीज की बोलने, समझने और मूवमेंट से जुड़ी क्षमताओं की जांच कर पाते है, जिससे ट्यूमर को अधिकतम हटाते हुए महत्वपूर्ण ब्रेन फंक्शंस को सुरक्षित रखा जा सकता है। उन्होंने बताया कि इस सर्जरी की सफलता में एनेस्थीसिया टीम की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही, जिसका नेतृत्व डॉ. कपिल सिंघल द्वारा किया।
उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा है कि अवेक ब्रेन सर्जरी केवल सर्जिकल नहीं बल्कि एनेस्थीसिया की दृष्टि से भी अत्यंत चुनौतीपूर्ण प्रक्रिया है।
स्कैल्प ब्लॉक और टोटल इंट्रावेनस एनेस्थीसिया के माध्यम से हम यह सुनिश्चित करते हैं कि मरीज पूरी तरह आरामदायक, जाग्रत और सहयोगी बना रहे, जिससे सर्जरी के दौरान रियल टाइम न्यूरोलॉजिकल आकलन संभव हो सके।
इस सर्जरी के बारे में डायरेक्टर डॉ. सोनिया लाल गुप्ता ने कहा कि अवेक ब्रेन सर्जरी फंक्शनल न्यूरोसर्जरी का भविष्य है। यह दर्शाता है कि जब न्यूरोलॉजिस्ट, न्यूरोसर्जन और एनेस्थीसिया विशेषज्ञ एक टीम के रूप में काम करते हैं, तो मरीज न केवल जीवनरक्षक सर्जरी में सफलता पाता है, बल्कि उसकी जीवन की गुणवत्ता भी बनी रहती है।
वहीं मेट्रो गु्रप ऑफ हॉस्पिटल्स के चेयरमैन डॉ. (प्रो.) पुरषोत्तम लाल ने कहा कि मेट्रो हॉस्पिटल में हमारा हमेशा से यह प्रयास रहा है कि हम चिकित्सा विज्ञान की सीमाओं को आगे बढ़ाएं, लेकिन मरीज की सुरक्षा और जीवन की गुणवत्ता को सर्वोपरि रखें। अवेक ब्रेन सर्जरी इस बात का उत्कृष्ट उदाहरण है कि किस तरह नयी तकनीक, विशेषज्ञता और टीमवर्क मिलकर असाधारण परिणाम दे सकते हैं।