लखनऊ (युग करवट)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नेे कहा कि प्रदेश सरकार ने युवाओं को डिजिटल रूप से सक्षम बनाने, शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक बनाने और उभरते तकनीकी क्षेत्रों में प्रदेश को अग्रणी बनाने की दिशा में बजट में कई अहम घोषणाएं की गई हैं। बजट में स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना के तहत युवाओं को टैबलेट और स्मार्टफोन उपलब्ध कराने के लिए पर्याप्त धनराशि की व्यवस्था की गई है। इसका उद्देश्य प्रदेश के युवाओं को डिजिटल रूप से सशक्त बनाना है, ताकि वे ऑनलाइन शिक्षा, स्किल डेवलपमेंट और रोजगार के आधुनिक अवसरों से जुड़ सकें। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि एमएसएमई सेक्टर को मजबूती देने के लिए विशेष पहल की गई है। खासतौर पर पुराने कंबल कारखानों के आधुनिकीकरण की दिशा में बजट में प्रस्ताव रखा गया है। हर वर्ष गरीबों को कंबल वितरण के लिए अतिरिक्त प्रावधान करने पड़ते हैं, ऐसे में कंबल उद्योग के आधुनिकीकरण से न केवल उत्पादन क्षमता बढ़ेगी, बल्कि स्थानीय रोजगार को भी बढ़ावा मिलेगा। आईटी और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए भी बजट में प्रावधान किए गए हैं। इसमें उत्तर प्रदेश एआई मिशन के तहत एआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस और इंडियन एआई डेटा लैब्स की स्थापना, साइबर फ्राड को रोकने के लिए साइबर सिक्योरिटी ऑपरेशन सेंटर की स्थापना के लिए भी बजट में प्रावधान किया गया है। प्रदेश में डेटा सेंटर की मांग तेजी से बढ़ रही है और वर्तमान में कई डेटा सेंटर की स्थापना हो रही है। इसी को ध्यान में रखते हुए एआई के लिए आवश्यक डेटा सेंटर क्लस्टर की स्थापना की घोषणा की गई है, जिसके लिए अलग से बजट का प्रावधान किया गया है। इस नई योजना से प्रदेश में तकनीकी निवेश को और गति मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही शिक्षा के क्षेत्र में भी सरकार ने अपने पूर्व में दिए गए सफल मॉडलों को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया है। ऑपरेशन कायाकल्प और निराश्रित बच्चों तथा निर्माण श्रमिकों के बच्चों के लिए शुरू किए गए अटल आवासीय विद्यालय के मॉडल को आधार बनाते हुए अब बेसिक शिक्षा परिषद में सीएम कंपोजिट विद्यालयों की स्थापना की जाएगी।
बजट में सभी 75 जनपदों में प्रत्येक जनपद में दो-दो सीएम कंपोजिट विद्यालयों के लिए धनराशि का प्रावधान किया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश के उन विकासखंडों में जहां अब तक कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय नहीं थे या उनकी मांग लंबे समय से की जा रही थी, वहां इन विद्यालयों के विस्तार की व्यवस्था की गई है। सरकार ने परिषदीय स्कूलों, माध्यमिक स्कूलों और उच्च शिक्षण संस्थानों में कार्यरत शिक्षणेत्तर कर्मचारियों, मानदेय पर कार्यरत शिक्षकों और अन्य शिक्षकों के लिए भी बड़ी राहत की घोषणा की है। इनके लिए आयुष्मान भारत की तर्ज पर कैशलेस उपचार की सुविधा उपलब्ध कराने हेतु बजट में धनराशि का प्रावधान किया गया है, जिससे सभी प्रकार के शिक्षक इस योजना से जुड़ सकेंगे। इसके अलावा एआई का उपयोग माध्यमिक स्तर से ही प्रारंभ किया जाएगा। इसके लिए बजट में विशेष धनराशि की व्यवस्था की गई है। साथ ही बालिकाओं के स्वास्थ्य और स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए नि:शुल्क सेनेटरी नैपकिन की व्यवस्था के लिए भी बजट में प्रावधान किया गया है। एआई, डिजिटल टेक्नोलॉजी, डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग, सेमीकंडक्टर, डाटा सेंटर और डाटा साइंस जैसे उभरते क्षेत्रों में विशेष पहल की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि साइंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग और मैथ्स को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश सरकार ने एसटीईएम एआई मिशन की घोषणा की गई है। इसके तहत राजकीय पॉलिटेक्निक संस्थानों और अन्य तकनीकी संस्थानों को एक बड़े कार्यक्रम के माध्यम से जोड़ा जाएगा। इसमें एआई इनेबल्ड लैब की स्थापना, स्किल डेवलपमेंट से जुड़ी गतिविधियां और एआई से संबंधित सामग्री को स्थानीय भाषा हिंदी में उपलब्ध कराने की व्यवस्था शामिल है। इसके साथ ही नॉलेज पार्टनर के रूप में डीपटेक के लिए आईआईटी कानपुर, आईआईटी बीएचयू सहित अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों को जोडऩे की भी घोषणा की गई है, जिसके लिए बजट में विशेष धनराशि का प्रावधान किया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्याथ ने कहा कि प्रदेश ने महिलाओं की सुरक्षा, स्वावलंबन और सम्मान को प्राथमिकता देते हुए ई क्यूब के रूप में एंप्लाइमेंट, इंटरप्राइसेस और एक्सीलेंस के तहत प्रगति की है। महिला उद्यमी क्रेडिट कार्ड योजना के माध्यम से महिलाओं को ब्याज मुक्त पूंजी उपलब्ध कराने का प्रावधान किया गया है, ताकि वे छोटे-छोटे उद्यमों के लिए महंगे कर्ज के बोझ से मुक्त रह सकें। प्रदेश के 18 कमिश्नरी मुख्यालयों पर एक-एक स्पोर्ट्स कॉलेज की स्थापना की जाएगी। मेरठ में मेजर ध्यानचंद के नाम पर बन रही स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी अप्रैल-मई तक पूरी हो जाएगी, जहां शैक्षणिक सत्र पहले से प्रारंभ हो चुके हैं।