नगर संवाददाता
गाजियाबाद (युग करवट)। साउथ साइड इंडस्ट्रियल एरिया को एनएच-9 से जोडऩे के लिए चिपियाना बुजर्ग रेलवे क्रॉसिंग पर बन रहे रेलवे ओवरब्रिज यानि आरओबी का निर्माण कार्य इसी साल पूरा करने का लक्ष्य है। इसके लिए जल्द ही रेलवे ट्रेक पर स्लैब डालने का काम किया जाएगा। दोनों साइड की दीवार तैयार हो गई है अब स्लैब डालने का काम रेलवे से ब्लॉक लेकर किया जाएगा।
फाटक को दोनों तरह एप्रोच रोड तैयार हो गई है। इसके दोनों और मिट्टी भराव का कार्य शुरू कर दिया गया है। मिट्टी भराव के बाद सडक़ निर्माण कार्य शुरू होगा। दोनों ओर की सडक़ बनने के बाद रेलवे लाइन के ऊपर स्लैब डालने का काम शुरू करेगा। उसके बाद दोनों ओर की सडक़ का मिलान रेलवे लाइन के ऊपर से गुजरने वाले गाडर से करके सडक़ तैयार कर दी जाएगी।
बता दें कि चिपियाना बुजुर्ग रेलवे क्रासिंग से दिल्ली-कानपुर-हावड़ा लाइन पर लगभग 200 ट्रेनें गुजरती हैं। साउथ साइड औद्योगिक क्षेत्र को एनएच-9 से जोडऩे के लिए यहां एक रेल ओवरब्रिज का निर्माण कराया जा रहा है। इससे बनने से नोएडा एक्सटेंशन तक बिना रोकटोक के यातायात संचालित हो सकेगा। यह रेल ओवरब्रिज करीब 600 मीटर लंबा और 9.5 मीटर चौड़ा दो लेन का होगा। इस आरओबी पर करीब 32 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके राज्य सरकार और रेलवे दोनों आधा-आधा वहन कर रहे हैं। इसी साल इसे पूरा करके की योजना है। इसका निर्माण कार्य काफी तेजी से चल रहा है। इसके बनने से क्रासिंग क्षेत्र की ओर से जीटी रोड पर आने के लिए करीब पांच किलोमीटर का चक्कर बच जाएगा। इसके साथ ही लाल कुआं के जाम से भी लोगों की परेशानी कम होगी। आरओबी के बनने से यह रास्ता महज एक किलोमीटर तक सिमट जाएगा। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि चिपियाना बुजुर्ग आरओबी की काम तेजी से चल रहा है। इस आरओबी के बनने से करीब पांच लाख लोगों के आवागमन में आसानी होगी। जीटी रोड स ेलोगों को एनएच-9 पर जाना नहीं पड़ेगा। लोग सिल्वर सिटी के पीछे से आरओगी पर प्रवेश करते हुए चिपियाना फाटक के ऊपर से होते हुए कॉन्टिेंनल कॉर्बन फैक्ट्री के सामने उतरेंगे और यहां से अंडरपास से गुजरते हुए सीधे एबीईएस आईटी कॉलेज के सामने सर्विस लेन के सहारे क्रॉसिंग की ओर जाने वाली रोड पर निकलेंगे। इतना ही नहीं क्रॉसिंग से आने वाले लोगों को डूंडाहेडा अंडरपास से गुजरने के बाद सीधे कॉर्बर फैक्टरी के सामने से होते हुए आरओबी पर चढक़र जीटी रोड पर आना होगा। इस तरीके से लालकुआं पर भी जाम की स्थिति कम होगी। रेलवे की यह सबसे व्यस्त लाइन है जिसकी वजह से चिपियाना बुजर्ग क्रॉसिंग फाटक काफी देर तक बंद रहता है जिसकी वजह से वाहनों को लंबा इंतजार करना पड़ता है। लेकिन आरओबी बनने से औद्योगिक क्षेत्र को बेहतर कनेक्टीविटी मिलेगी। इस लिए रेलवे इस आरओबी को इसी साल पूरा करने की तैयारी में जुटा है।