युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। हाऊस टैक्स के डिमांड बिलों में डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन का चार्ज हटा दिया है। पहले निगम ने प्लान किया था कि डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन का चार्ज हाऊस टैक्स के बिलों में जोड़ कर लिया जाएगा। ऐसा करने से निगम को डर था कि जिन लोगों पर एक हजार रुपये हाऊस टैक्स बैठ रहा था उनका बिल बढ़कर करीब दो हजार रुपये हो जाता। यानि जितना हाऊस टैक्स उतना ही यूजर चार्ज बन रहा है। इससे आम जनता में और पैनिक पैदा हो जाता। ऐसे में निगम ने अचानक से अपने प्लान को बदल दिया।
निगम अब केवल हाऊस टैक्स, वॉटर टैक्स और सीवर टैक्स का ही डिमांड बिल भेज रहा है। निगम के कर निर्धारण अधिकारी डॉ0 संजीव सिन्हा ने बताया कि पहले हाऊस टैक्स के साथ ही डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन के बिल भेजने के लिए हेल्थ विभाग की ओर से भी डेटा भेजा गया था।
सॉफ्टवेयर में बदलाव कर डिमांड बिल में टैक्स और यूजर चार्ज जोडऩा था। बाद में निगम ने सोचा कि डिमांड बिल में पैसा टैक्स से भी कई जगह दो गुना बैठ रहा था, इसी कारण निगम ने अब यूजर चार्ज को टैक्स के डिमांड बिल से अलग कर दिया। कर निर्धारण अधिकारी का कहना है कि निगम डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन का डिमांड बिल अलग से जारी करेगा।