अपने आप को एनआरआई बताकर महिलाओं को फंसाता था जाल में

युग करवट संवाददाता
नोएडा। नोएडा में रहने वाली एक आईटी इंजीनियर महिला को सोशल मीडिया के माध्यम से अपने जाल में फंसा कर उन्हें कीमती गिफ्ट देने का लालच देकर उनसे 28 लाख 13 हजार 900 रुपये की ठगी करने वाले अफ्रीकी मूल के व्यक्ति को नोएडा के थाना साइबर क्राइम पुलिस ने आज गिरफ्तार किया है। आरोपी वर्ष 2019 में टूरिस्ट वीजा पर भारत आया था, उसके बाद यह अवैध रूप से भारत में रह रहा था। इसने 15 से ज्यादा महिलाओं के साथ दोस्ती कर उनके साथ 60 लाख से ज्यादा की ठगी करने की बात स्वीकार की है।
उत्तर प्रदेश साइबर क्राइम के एसपी प्रोफेसर त्रिवेणी सिंह ने बताया कि 21 जून वर्ष 2021 को महिला इंजीनियर के इंस्टाग्राम पर एक व्यक्ति ने दोस्ती का पैगाम भेजा। दोनों के बीच सोशल मीडिया के माध्यम से बातचीत हुई। अजीत के दौरान दोनों की दोस्ती प्रगाढ हुई। उसने अपने आप को अमेरिका में रहने वाला व्यक्ति बताया। पीड़िता से आरोपी ने कहा कि वह उसे विदेश से महंगा गिफ्ट भेज रहा है। कुछ दिन बाद एक व्यक्ति का फोन आया। उसने पीडि़ता कहा कि वह कस्टम अधिकारी बोल रहा है। उनका विदेश से गिफ्ट एयरपोर्ट पर आया है।
कस्टम ड्यूटी के रूप में उसने पीड़िता से 28 लाख 13 हजार 900 रुपये ले लिए। जब पीडि़ता ने पैसे देने से मना किया तो कथित कस्टम अधिकारी ने उन्हें मनी लांड्रिंग, कस्टम व आतंकवादी गतिविधियों में फंसाने की धमकी देकर उनसे पैसे ठग लिया। उन्होंने बताया कि घटना की रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच कर रही नोएडा के सेक्टर 36 स्थित साइबर क्राइम थाने के प्रभारी निरीक्षक रीता यादव और उनकी टीम ने आज एक सूचना के आधार पर अफ्रीकी मूल के नागरिक नडाफीर्मी (उम्र 26 वर्ष) को गिरफ्तार किया है। उन्होंने बताया कि इसके पास से पुलिस ने 5 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप,एक टेबलेट, एक इंटरनेट डोंगल, वाईफाई राउटर, दो पासपोर्ट की फोटोकॉपी बरामद किया है। उन्होंने बताया कि पूछताछ के दौरान पुलिस को पता चला है कि आरोपी वर्ष-2019 में टूरिस्ट वीजा पर भारत आया था, इसने मानव बाल, अफ्रीकी फूड व रेडीमेड गारमेंट का दिल्ली में व्यापार करने लगा।
उन्होंने बताया कि कोविड-19 में इसका व्यापार बंद हो गया। इसके बाद उसके पास कमाई का कोई जरिया नहीं था। उसी समय यह एम वनिफो नामक अफ्रीकी व्यक्ति के संपर्क में आया। जिससे दोस्ती होने के बाद इसने ऑनलाइन सोशल मीडिया के माध्यम से महिलाओं से दोस्ती कर, उनके साथ ठगी करने लगा। उन्होंने बताया कि अभियुक्त का साइबर अपराधियों का एक संगठित गैंग है जो भारतीय महिलाओं को सोशल मीडिया के माध्यम से फ्रेंड रिक्वेस्ट भेज कर उनसे दोस्ती करते हैं एवं व्यक्तिगत जानकारी प्राप्त कर उनको महंगे गिफ्ट भेजने का प्रलोभन देकर अपने साथियों के साथ मिलकर फर्जी कस्टम अधिकारी बनकर कस्टम ड्यूटी, मनी लांड्रिंग का प्रकरण बनाकर महिलाओं से लाखों रुपए की ठगी करते हैं। उन्होंने बताया कि अब तक इन लोगों ने 15 महिलाओं के साथ दोस्ती कर 60 लाख से ज्यादा की ठगी करने की बात स्वीकार की है।
उन्होंने बताया कि पूछताछ के दौरान इसके कुछ साथियों के बारे में पुलिस को जानकारी मिली है, उनकी जल्द गिरफ्तारी की जाएगी।