युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। आपसी विवाद को लेकर लोनी बॉर्डर थाना क्षेत्र में वृद्घ के साथ हुई मारपीट व अभद्रता के मामले में पुलिस ने ऐसे व्यक्तियों अथवा अराजक तत्वों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया जिन्होंने उस प्रकरण को सोशल मीडिया पर भ्रामक तथ्यों के आधार पर वायरल करके सांप्रदायिक माहौल को बिगाडऩे का काम किया था।
ऐसे अराजक तत्वों और जिन व्यक्तियों के खिलाफ मुकदमे दर्ज हैं, उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने रात भर छापेमारी की। सूत्रों के मुताबिक, पुलिस वांछित सपा नेता उम्मेद पहलवान को तो गिरफ्तार नहीं कर पाई लेकिन पुलिस ने छापेमारी के दौरान कई संदिग्धों को हिरासत में लेकर उनसे गहन पूछताछ की। इस मुहिम के संदर्भ में एसपी देहात डॉक्टर इरज राजा ने बताया कि पुलिस को जैसे ही वृद्घ अब्दुल समद के साथ हुई मारपीट व अभद्रता किये जाने वाली घटना का पता चला तो तुरंत ही कार्रवाई शुरू कर दी गई।
इतना ही नहीं जांच के बाद वृद्घ के साथ मारपीट व अभद्रता करने वाले आरोपितों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करके तीन वांछितों प्रवेश, आदिल व कल्लू को गिरफ्तार भी कर लिया गया। इसके बावजूद कुछ लोगों ने एक सािजश के तहत सांप्रदायिक सौहार्द बिगाडऩे के लिए सोशल मीडिया व टिï्वटर पर दुष्प्रचार करना शुरू कर दिया। इस उक्त कुकृत्य की वजह से जब फिजा बिगड़ती दिखाई देने लगी तो पुलिस प्रशासन ने देरी ना लगाते हुए टिï्वटर कम्युनिकेशन कंपनी सहित आधा दर्जन से अधिक लोगों के खिलाफ संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज करके अग्रिम कार्रवाई शुरू कर दी। श्री राजा ने बताया कि समाज में जहर घोलने वाले घटनाक्रम में सपा नेता उम्मेद पहलवान आदि के खिलाफ भी मुकदमा कायम करके उनकी गिरफ्तारी की कवायद भी शुरू की गई।