मेयर के बयान से व्यापार मंडल के पदाधिकारियों में रोष
गाजियाबाद (युग करवट)। एक समाचार पत्र के माध्यम से पता चला है कि गाजियाबाद की महापौर 1702 दुकानों के किराए को लेकर व्यापारी नेताओं से नहीं मिलना चाहती और ना ही किसी संगठन के अध्यक्ष से मिलना चाहती हैं। वह व्यापारियों से सीधा मिलना चाहती हैं। इस पर रमते राम रोड़ व्यापार मंडल के अध्यक्ष राकेश स्वामी, युवा कोषाध्यक्ष राजू छाबड़ा, गोल मार्केट अध्यक्ष संजीव लाहोरिया, सब्जी मंडी अध्यक्ष कासिम प्रधान, टाउन हाल मार्केट अध्यक्ष हरि मेहता का कहना है कि हम सब व्यापारी नेता वही लोग हैं जो मेयर चुनाव में आपको बाजार में ले जाकर आपकी जनसभाएं कराई, स्वागत करवाएं, माला पहनाकर आपके साथ कंधे से कंधा मिलाकर व्यापारियों से मिलवाया। आज उन्ही व्यापारी नेताओं के लिए जो महापौर सुनीता दयाल द्वारा जो बयान दिया गया है, सभी व्यापारी इसका कड़ा विरोध करते हैं।
प्रदेश भाजपा संगठन से निवेदन करते हैं कि गाजियाबाद की मेयर द्वारा जो हिटलर शाही चलाई जा रही है उस पर जल्द से जल्द कार्रवाई की जाए। व्यापारी को सरकार की रीड की हड्डी कहा जाता है और गाजियाबाद की मेयर सुनीता दयाल द्वारा उस रीड की हड्डी को तोडऩे का कार्य किया जा रहा है।
महापौर को इतना सोचना चाहिए कि जो व्यापारी नेता आपके पास आपके अधिकारियों के पास जाकर लगातार किराया कम करने की गुहार लगा रहे हैं उन पर आप शासन आदेश को एक तरफ रखकर अपनी तानाशाही चला रही हैं।