युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। गाजियाबाद के प्राचीन श्रीदूधेश्वर महादेव मठ मंदिर में इस बार कोरोना नियमों का पालन करते हुए अत्यंत सूक्ष्म तरीके से कावंड़ यात्रा निकाली जाएगी। मंदिर के महंत नारायण गिरि ने बताया कि कांवड़ यात्रा को लेकर 19 जुलाई सोमवार को सुप्रीम कोर्ट का निर्णय आने वाला है। उसके बाद ही पूरी व्यवस्था की जायेगी। सावन शिवरात्रि पर लाखों की संख्या में शिवभक्त श्रीदूधेश्वरनाथ मंदिर में भगवान दूधेश्वरनाथ का जलाभिषेक करते हैं।
मंहत ने कहा कि मुरादनगर छोटा हरिद्वार से पवित्र गंगाजल लाकर भगवान दूधेश्वरनाथ का जलाभिषेक किया जाएगा। सतयुग के तीर्थ गढ़मुक्तेश्वर से भी जल लाकर भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे। नगर निगम उत्तर प्रदेश सरकार के प्रयास टैंकर मे गंगाजल भरकर लाकर भक्तों के लिये उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस बार सावन शिवरात्रि पर कोरोना नियमों का पूरी तरह पालन किया जाएगा। प्रत्येक सोमवार को जलाभिषेक करने आने वालों को मास्क लगाना और मन्दिर में प्रवेश से पूर्व हाथ-पैरों को अच्छी तरह से धोना अनिवार्य होगा।
सैनेटाईजर गुफा से सैनेटाइज होकर 2 फुट की दूरी बनाकर भगवान दूधेश्वर का जलाभिषेक करेेंगे। भक्तों को वैक्सीन का प्रमाणपत्र या 72 घंटे की कोरोना की रिपोर्ट दिखाने के बाद ही मंदिर में जाने की अनुमति होगी। वहीं, मेरठ जोन के एडीजी राजीव सब्बरवाल, रेंज के आईजी प्रवीण कुमार, डीआईजी अमित पाठक, एस पी सिटी निपुण अग्रवाल, सीओ और कोतवाल सहित समस्त पुलिस प्रसासनिक अधिकारियों ने दूधेश्वर मन्दिर का निरीक्षण किया। मंहत ने कहा कि सभी अधिकारियों ने कोरोना नियमों के पालन करने की अपील की।