प्रमुख संवाददाता
गाजियाबाद (युग करवट)। नगर निगम के वार्ड-1 के आरक्षण के बाद वार्ड-43 के आरक्षण का विवाद भी अब कोर्ट पहुंच गया। यह वार्ड कडक़ड़ मॉडल है, जहां से पिछली बार पार्षद जयवीर सिंह राठौर चुने गए थे। इस बार वार्ड का आरक्षण भी बदल गया है जिसके विरोध में उन्होंने हाईकोर्ट में रिट फाइल की है। हाईकोर्ट में इस बार नगर निगम गाजियाबाद को पार्टी नहीं बनाया गया है। इस मामले में पार्षद ने इस बार प्रदेश सरकार और डीएम को पार्टी बनाया है। कोर्ट की ओर से प्रदेश सरकार और डीएम से जवाब मांगा गया है। सूत्रों ने बताया कि इस मामले में डीएम की ओर से एक हलफनामा भी कोर्ट में भेजा है। इस प्रकरण में आज सुनवाई होने की संभावना है। इससे पहले नगर निगम के वार्ड-1 में भी आरक्षण को लेकर मामला हाईकोर्ट पहुंच गया था जिसमें प्रदेश सरकार, डीएम और नगर निगम को पार्टी बनाया गया है।