2024 तक शुरू हो सकता है, लाइट-कैमरा- एक्शन
नोएडा (युगकरवट)। यमुना एक्सप्रेस- वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण क्षेत्र में प्रस्तावित फिल्म सिटी के निर्माण में तेजी आने की आशा है। इस वर्ष के अंत तक इसका शिलान्यास हो जाएगा। बर्ष 2024 तक यहां पर शूटिंग करने की तैयारी है।
यमुना औद्योगिक विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी अरुण वीर सिंह ने बताया कि यमुना विकास प्राधिकरण क्षेत्र में 1000 एकड़ में फिल्म सिटी बननी प्रस्तावित है। उन्होंने बताया कि प्राधिकरण का प्रयास है कि वर्ष 2024 तक यहां पर शूटिंग शुरू हो जाए। उन्होंने बताया कि वर्ष 2024 तक नोएडा एयरपोर्ट के शुरू होने की भी संभावना है। उन्होंने बताया कि यहां पर एयरपोर्ट के साथ -साथ शूटिंग शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है। सीओ ने बताया कि सीबीआरई कंपनी ने फीजिबिलिटी रिपोर्ट व परियोजना रिपोर्ट प्राधिकरण को सौंप दिया है, जिसका परीक्षण करने के बाद मंगलवार रात को उसे शासन को अनुमति के लिए भेज दिया गया है।
उन्होंने बताया कि डीपीआर रिपोर्ट की अनुमति आने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। उन्होंने बताया कि फिल्म सिटी सेक्टर 21 में बननी है। इसके लिए 1000 एकड़ जमीन प्रस्तावित की गई है। इसमें 780 एकड़ में फिल्म सिटी व 220 एकड़ में वाणिज्य गतिविधियां होंगी। इसकी फीजिबिलिटी रिपोर्ट और परियोजना रिपोर्ट तैयार करने की जिम्मेदारी सीबीआरई कंपनी को दी गई थी।
करीब 5,000 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाली इस फिल्म सिटी के लिए कंसल्टेंट कंपनी ने आयरलैंड की फिल्म सिटी व दक्षिण भारत के रामोजी फिल्म स्टूडियो का भी अध्ययन किया। श्रीकृष्ण की नगरी मथुरा वृंदावन की धार्मिक व सांस्कृतिक धरोहर को सहेजते हुए परियोजना रिपोर्ट तैयार की गई है। उन्होंने बताया कि शासन की अनुमति मिलने के बाद रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल तैयार किया जाएगा। उसी के आधार पर ग्लोबल बिड जारी होगी। इसे बनाने वाली कंपनी का चयन कर नवंबर में निर्माण शुरू कराने की तैयारी है।
फिल्म सिटी दो चरणों में बनेगी इसका पहला चरण 2024 में नोएडा एयरपोर्ट के साथ ही शुरू करने का लक्ष्य है। बताया जाता है कि फिल्म सिटी की वित्तीय स्थिति मजबूत बनाने के लिए कंसल्टेंट कंपनी ने फीजिबिलिटी रिपोर्ट में तीन मॉडल सुझाएं हैं। इसके आधार पर बिड में चयनित कंपनी इसे बनाएगी।
इससे होने वाली आमदनी में यमुना प्राधिकरण व राज्य सरकार को हिस्सा देगी। पहला सुझाव है कि विकास कर्ता कंपनी एक तय रकम यमुना प्राधिकरण व सरकार को दे। दूसरा मॉडल जितना रेवेन्यू मिले उसमें से हिस्सा दे, और तीसरा कुछ हिस्सा तय कर ले, और कुछ हिस्सा हर साल मिलने वाली रेवेन्यू से भुगतान करें। विकास करता कंपनी में प्रदेश सरकार के बीच सहमति से इन तीनों में से एक कोई वित्तीय मॉडल तय होगा। चर्चा है कि वर्ष 2022 में होने वाले विधानसभा चुनाव से पूर्व उत्तर प्रदेश सरकार की कोशिश होगी कि फिल्म सिटी का शिलान्यास कर दिया जाए।