युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। भाषा अभिव्यक्ति का माध्यम होती है। हिंदी हमारी मातृभाषा है, हमें अपनी भाषा के विकास के लिए हर संभव प्रयास करने चाहिए। जीवन में अन्य भाषाओं के सीखने की इच्छा शक्ति हो, साथ ही हिंदी के प्रचार प्रसार के लिए जो भी बने करना चाहिए।
यह विचार राष्ट्रीय परीक्षण शाला में हिंदी पखवाड़े के समापन के अवसर पर आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में महानिदेशक डाक्टर आलोक कुमार श्रीवास्तव ने वियक्त किए। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में होने के कारण गाजियाबाद शाखा की और अधिक जिम्मेदारी है।
हिंदी के कामकाज के लिए निर्धारित लक्ष्यों को शत प्रतिशत पूरा करें। इससे पूर्व कार्यालय के निदेशक एम सुरेश बाबू, नामित अधिकारी सतीश कुमार ने महानिदेशक का स्वागत किया। महानिदेशक ने दीप जलाकर कार्यक्रम का विधिवत उदघटन किया। कार्यक्रम का प्रारंभ पूजा वर्मा द्वारा सरस्वती वंदना से हुआ। इसके पश्चात 15 दिनों में आयोजित प्रतियोगिताओ के प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया। एम सुरेश बाबू ने कार्यालय में हिंदी कामकाज की प्रगति से महानिदेशक को अवगत कराया। कार्यक्रम का संचालन मनोज खंडेलवाल ने किया