यूपी बजट २०२४: वाराणसी में बनेगा मेडिकल कॉलेज…नलकूप उपभोक्ताओं को मिलेगी रियायती दर पर बिजली

लखनऊ (युग करवट)। यूपी की योगी आदित्याथ सरकार के दूसरे कार्यकाल का तीसरा आम बजट आज विधानसभा में पेश किया। इस बजट का आकार 7.36 लाख करोड़ से ज्यादा का है। यूपी के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने विधानसभा में बजट पेश करते हुए कहा कि अयोध्या में भगवान राम के भव्य मंदिर के निर्माण से हमारे सामाजिक और सांस्कृतिक क्षेत्र को काफी प्रोत्साहन मिला है. अयोध्या दुनिया का बड़ा पर्यटन केंद्र बन गया है। भारत और दुनिया भर से यहां आने वाले पर्यटकों की संख्या में भारी वृद्धि हुई है जिससे हमारी आर्थिक स्थिति में काफी सुधार हुआ है।
यूपी सरकार ने अपने बजट में प्रदेश की सडक़ों पर विशेष फोकस किया है। धर्माथ मार्गों के विकास के लिए 1750 करोड़ रुपयों की व्यवस्था की गई है। राज्य की सडक़ों की देखरेख के लिए 3000 करोड़ रुपयों की व्यवस्था की गई है। औद्योगिक क्षेत्रों की ओर जाने वाली सडक़ों को फोर लेन करने के लिए 800 करोड़ रुपयों की व्यवस्था की गई है। इस बजट में रेलवे के ओवरब्रिज के लिए 1350 करोड़ और ग्रामीण क्षेत्रों में सेतुओं के लिए 1500 करोड़ की व्यवस्था की गई है। शहर और कस्बों में लगने वाले जाम से निजात दिलाने के लिए फ्लाईओवर बनाए जाएंगे। इसके लिए बजट में एक हजार करोड़ की व्यवस्था की गई है।
उन्होंने बताया कि एमएसएमई सेक्टर में मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के अंतर्गत अब तक 22 लाख 389 लाभार्थियों को लाभान्वित करते हुए 1,79,112 रोजगार सृजित किए गए हैं। एक जनपद एक उत्पाद वित्त पोषण योजना के अंतर्गत 13,597 लाभार्थियों के माध्यम से 1,92,193 रोजगार सृजित हुए हैं। विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना तथा एक जनपद एक उत्पाद कौशल उन्नयन एवं टूलकिट योजना के अंतर्गत लगभग 4.04 लाख रोजगार सृजित हुए हैं। एकेटीयू से संबद्घ लगभग 700 से अधिक संस्थानों के छात्रों के लिए लगभग 25 हजार रोजगार के अवसर पिछले शैक्षिक सत्र में उपलब्ध कराये गए। उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन के अंतर्गत 12.15 लाख युवाओं को प्रशिक्षित किया गया जिनमें से 4.13 लाख युवाओं को विभिन्न प्रतिष्ठित कंपनियों में सेवायोजित कराया गया। मनरेगा के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2023-24 में 28 करोड़ 68 लाख मानव दिवस सृजित कराते हुए 75 लाख 24 हजार श्रमिकों को रोजगार प्रदान किया गया तथा वित्तीय वर्ष 2024-25 में 33 करोड़ मानव दिवस का सृजन किए जाने का लक्ष्य है। मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग योजना के अंतर्गत वर्ष 2023-24 में माह अक्तूबर 2023 तक 408 लाभार्थियों को 1845.88 लाख पूंजीगत निवेश ऋण के साथ 7418 लोगों को रोजगार उपलब्ध कराया गया है।
बजट में 24 हजार करोड़ रुपये की नई परियोजनाएं हैं। प्रदेश का राजकोषीय घाटा 3.46 फीसदी है। यूपी के इतिहास का सबसे बड़ा बजट है, 7.36 लाख करोड़ से ज्यादा का बजट है। वर्ष 2024-25 के लिए 7.36 लाख करोड़ से ज्यादा का बजट है।
उन्होंने कहा कि साल 2023 में राज्य में 1.10 करोड़ लोगों को रोजगार मिलेगा। संगठित अपराध खत्म हो गया है और औद्योगिक क्षेत्र तेजी से बढ़ रहा है। व्यापार करने में आसानी की रैंकिंग में राज्य 14वें स्थान पर था लेकिन आज यह दूसरे स्थान पर है।
यूपी सरकार ने अपने बजट में प्रदेश की सडक़ों पर विशेष फोकस किया है। धर्माथ मार्गों के विकास के लिए 1750 करोड़ रुपयों की व्यवस्था की गई है। राज्य की सडक़ों की देखरेख के लिए 3000 करोड़ रुपयों की व्यवस्था की गई है। औद्योगिक क्षेत्रों की ओर जाने वाली सडक़ों को फोर लेन करने के लिए 800 करोड़ रुपयों की व्यवस्था की गई है।
इस बजट में रेलवे के ओवरब्रिज के लिए 1350 करोड़ और ग्रामीण क्षेत्रों में सेतुओं के लिए 1500 करोड़ की व्यवस्था की गई है। शहर और कस्बों में लगने वाले जाम से निजात दिलाने के लिए फ्लाईओवर बनाए जाएंगे। इसके लिए बजट में एक हजार करोड़ की व्यवस्था की गई है।

युवाओं के लिए भी बजट में खास
उन्होंने बताया कि प्रदेश के 117 विकास खंडों में 124 ग्रामीण स्टेडियम/मल्टीपरपज हॉल का निर्माण किया गया है। प्रदेश की ग्राम पंचायतों में 53,800 युवक मंगल दल एवं 51,300 महिला मंगल दलों का गठन किया जा चुका है। इन दलों क माध्यम से युवाओं की सहभागिता राष्ट्रीय एवं सामाजिक महत्व के कार्यों में सुनिश्चित कराई गई है। कर्नाटक में 12 से 16 जनवरी, 2023 तक आयोजित 26वें राष्ट्रीय युवा उत्सव में उत्तर प्रदेश के लोकगीत की टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त कर स्वर्ण पदक अर्जित किया।
अयोध्या में एयरपोर्ट की स्थापना एवं विस्तार हेतु 150 करोड़
अयोध्या में एयरपोर्ट की स्थापना एवं विस्तार हेतु 150 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है। हवाई पट्टियों के निर्माण, विस्तार एवं सुदृढ़ीकरण तथा भूमि अर्जन हेतु भूमि क्रय मद में 1100 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है। जनपद-गौतमबुद्व नगर के जेवर में अन्तर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट की स्थापना कार्य एवं भूमि क्रय हेतु 1150 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
यात्रियों की संख्या में 19.2 प्रतिशत की वृद्वि
बजट पढ़ते हुए वित्तमंत्री सुरेश खन्ना ने घोषणा करते हुए कहा कि प्रदेश में हवाई कनेक्टिविटी को बढ़ाने के लिए प्रदेश सरकार द्वारा निरंतर प्रयास किये जा रहे हैं। इस उद्देश्य की पूर्ति भारत सरकार की रीजनल कनेक्टिविटी स्कीम (आरसीएस-‘उड़ान‘) तथा राज्य सरकार की उत्तर प्रदेश नागर विमानन प्रोत्साहन नीति के माध्यम से की जा रही है। गत वित्तीय वर्ष की तुलना में चालू वित्तीय वर्ष में वायुयान द्वारा यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या में 19.2 प्रतिशत की वृद्वि हुई है।
वाराणसी में बनेगा मेडिकल कॉलेज
उन्होंने कहा कि वाराणसी में मेडिकल कॉलेज बनेगा। वाराणसी में मेडिकल कॉलेज के लिए 400 करोड़ रुपये हैं। 55 लाख लोगों को वृद्धा पेंशन दे रहे हैं। राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के लिए 7350 करोड़ रुपये का बजट है। गंगा एक्सप्रेस वे परियोजना के लिए 2057 करोड़ 76 लाख का बजट है। लिंक एक्सप्रेस वे कि लिए 500 करोड़ की धनराशि मिलेगी। अटल इंडस्ट्रियल इंफ्रास्ट्रैचर मिशन के लिए 400 करोड़।
48 लाख गन्ना किसानों को भुगतान
खन्ना ने कहा कि वर्तमान सरकार द्वारा लगभग 48 लाख गन्ना किसानों को 2.33 लाख करोड़ रुपये से अधिक का रिकॉर्ड गन्ना मूल्य भुगतान किया गया वर्ष 2017 से 29 जनवरी 2024 तक। यह गन्ना मूल्य भुगतान पिछले 22 वर्षों के संयुक्त गन्ना मूल्य भुगतान 2.1 लाख करोड़ रुपये से 20,274 करोड़ रुपये अधिक है।
‘डीबीटी के माध्यम से लगभग 63,000 करोड़ रुपये की धनराशि ट्रांसफर की’
वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत वर्ष 2022-2023 के लिए लगभग 10 लाख बीमित किसानों को अक्टूबर, 2023 तक 831 करोड़ रूपये की क्षतिपूर्ति का भुगतान किया गया। दिसंबर 2023 तक 2 करोड़ 62 लाख किसानों के खातों में डीबीटी के माध्यम से लगभग 63,000 करोड़ रुपये की धनराशि हस्तांतरित की गई।
‘नए निजी ट्यूबवेल कनेक्शन देने पर लगी रोक हटी’
यूपी के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने विधानसभा में बजट पेश करते हुए कहा कि डार्क जोन में नए निजी ट्यूबवेल कनेक्शन देने पर लगी रोक हटा दी गई है, जिससे करीब एक लाख किसानों को सीधा फायदा हुआ। वर्ष 2023-2024 में अक्टूबर 2023 तक करीब 37 लाख किसान क्रेडिट कार्ड वितरित किए गए।
अलीगढ़, मुरादाबाद, और चित्रकूट में शुरू होंगे एयरपोर्ट, कई शहरों में बनेंगी नई हवाई पट्टियां
हवाई कनेक्टिविटी को बढ़ाने के लिए प्रदेश सरकार द्वारा निरन्तर प्रयास किये जा रहे हैं। इस उद्देश्य की पूर्ति भारत सरकार की रीजनल कनेक्टिविटी स्कीम (आरसीएस-‘उड़ान‘) तथा राज्य सरकार की ‘‘उत्तर प्रदेश नागर विमानन प्रोत्साहन नीति‘‘ के माध्यम से की जा रही है।
ठ्ठ गत वित्तीय वर्ष की तुलना में चालू वित्तीय वर्ष में वायुयान द्वारा यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या में 19.2 प्रतिशत की वृद्वि हुई है।
ठ्ठ हवाई कनेक्टिविटी के लिए चयनित एयरपोर्ट्स अलीगढ़, आजमगढ़, मुरादाबाद, श्रावस्ती तथा चित्रकूट को विकसित किया जा चुका है तथा म्योरपुर (सोनभद्र) व सरसावा (सहारनपुर) एयरपोर्ट्स का विकास कार्य प्रशस्त है।
ठ्ठ अयोध्या में ‘महर्षि वाल्मीकि अन्तर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा अयोध्या धाम‘ का विकास कराया गया है। अयोध्या में एयरपोर्ट की स्थापना एवं विस्तार हेतु 150 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
ठ्ठ हवाई पट्टियों के निर्माण, विस्तार एवं सुदृढ़ीकरण तथा भूमि अर्जन हेतु भूमि क्रय मद में 1100 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
ठ्ठ जनपद-गौतमबुद्व नगर के जेवर में अन्तर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट की स्थापना कार्य एवं भूमि क्रय हेतु 1150 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
लखनऊ में बनेगी नई टाऊनशिप
वित्त मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा सेमी कन्डक्टर नीति को मंजूरी दी गई है। यह नीति प्रदेश में सेमी कन्डक्टर इकाईयों की स्थापना एवं विकास का मार्ग प्रशस्त करेगी जिससे देश और विदेश से प्रदेश में बड़े पैमाने पर निवेश प्राप्त होगा। ऐसी नीति लाने वाला उत्तर प्रदेश देश का चैथा राज्य बन गया है। लखनऊ में दिल्ली की तर्ज पर एयरो सिटी विकसित किये जाने की योजना है, जो लगभग 1500 एकड़ में विकसित की जायेगी।
नए एक्सप्रेस-वे के लिए खोला पिटारा
गंगा एक्सप्रेस-वे परियोजना हेतु 2057 करोड़ 76 लाख रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है जो वर्तमान वर्ष की तुलना में दो गुने से अधिक है। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे और पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे को जोडऩे के लिए नये लिंक एक्सप्रेस-वे निर्माण हेतु 500 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है। वित्त मंत्री ने कहा कि आज से 7 वर्ष पूर्व कोई यह कल्पना भी नहीं कर सकता था कि उत्तर प्रदेश इतनी तीव्र गति से ऐसा मुकाम हासिल कर पायेगा। यहां दो पंक्तियां प्रस्तुत है- पैदा नजर-नजर में एक ऐसा मुकाम कर, दुनिया सफर करे तेरे दामन को थाम कर।
निराश्रित महिला पेंशन
१००० रूपए हुई
वित्त मंत्री ने कहा है कि हमारी नीतियां विशेष रुप से युवा, महिला, किसान व गरीबों के उत्थान को समर्पित हैं। निराश्रित महिला पेंशन योजनान्तर्गत पात्र लाभार्थियों को देय पेंशन की धनराशि 500 रूपये प्रतिमाह से बढ़ाकर 1000 रूपये प्रतिमाह कर दी गयी है। मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के अन्तर्गत पात्र बालिकाओं को 6 विभिन्न श्रेणियों में कुल 15000 रूपये की सहायता प्रदान की जा रही है। महिला किसान सशक्तिकरण परियोजना के अन्तर्गत वित्तीय वर्ष 2024-2025 में 200 उत्पादक समूहों का गठन करके तकनीकी सहयोग प्रदान किया जाना लक्षित है।
उत्तर प्रदेश रानी लक्ष्मीबाई महिला एवं बाल सम्मान कोष के अन्तर्गत जघन्य अपराधों से पीडि़त महिलाओं एवं बालिकाओं को कोष के अन्तर्गत 1 लाख रूपये से 10 लाख रूपये की आर्थिक क्षतिपूर्ति प्रदान किये जाने की व्यवस्था है।
प्रदेश के लगभग 55 लाख वरिष्ठ नागरिकों को वृद्धावस्था पेंशन 1000 रूपये प्रतिमाह की दर से प्रदान की जा रही है। भारत सरकार द्वारा निर्मित ‘‘ई-श्रम’’ पोर्टल पर उत्तर प्रदेश के लगभग 8.32 करोड़ कामगारों का पंजीकरण हुआ है जो देश में सर्वाधिक है। राज्य सरकार के प्रयासों से मातृ मुत्यु दर वर्ष 2014 में 285 प्रति लाख से कम होकर वर्ष 2022 में 167 प्रति लाख तथा शिशु मृत्यु दर वर्ष 2014 में 48 प्रति हजार से कम होकर वर्ष, 2020 में 38 प्रति हजार हो गयी है।