युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। मोदीनगर के दयावती मोदी पब्लिक स्कूल में हुए बस हादसे को लेकर आज परिजन डीएम आरके सिंह और एसएसपी मुनिराज से मिले। करीब दो घंटे तक जिला प्रशासन और परिजनों के बीच सभागार में वार्ता होती रही। हालांकि इस दौरान कई बार परिजनों ने पुलिस कार्रवाई को लेकर अपनी नाराजगी जताई। दो घंटे तक चली इस बैठक में जिला प्रशासन ने मामले की पूरी जांच के लिए एडीएम और एसपी देहात की एक कमेटी गठित की है। जो ४५ दिन में अपनी रिपोर्ट देगी, इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। परिजनों ने भी जिला प्रशासन केे इस प्रस्ताव को स्वीकार किया है, लेकिन परिजन एफआईआर दर्ज होने के बाद भी स्कूल प्रिंसीपल को छोडऩे से नाराज दिखे।
पुलिस ने इस मामले में पहले स्कूल प्रिंसीपल, मलिक, ड्राइवर और कंडक्टर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था और प्रिंसीपल को गिरफ्तार भी किया था, लेकिन बाद में प्रिंसीपल को छोड़ दिया गया जिससे नाराज परिजनों ने जमकर हंगामा किया। आज पुलिस कार्रवाई से नाराज परिजन डीएम और एसएसपी से मिले, दो घंटे चली इस वार्ता में कई बार हंगामे की स्थिति बनी। बैठक में परिजनों के साथ गाजियाबाद पेरेंट्स एसोसिएशन की अध्यक्ष सीमा त्यागी भी मौजूद रहीं, लेकिन प्रशासन की ओर से उन्हें परिजनों का पक्ष रखने से रोका गया। हालांकि इस वार्ता के बाद कमेटी गठित होने पर परिजन आश्वासत दिखे और उन्होंने पूरा भरोसा जताया है कि उन्हें न्याय मिलेगा।
वहीं बैठक के बाद डीएम और एसएसपी ने बताया कि इस मामले की पूरी जांच निष्पक्षता से की जाएगी। दोषियों को छोड़ा नहीं जाएगा, जो भी दोषी होगा उस पर कार्रवाई होगी। डीएम ने बताया कि इस पूरे मामले की जांच के लिए कमेटी गठित कर दी गई है, जो ४५ दिन में अपनी रिपोर्ट देगी। रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कार्रवाई होगी। एसएसपी ने कहा कि परिजनों के आरोप बेबुनियाद है, इस मामले में पूरी तरह से नियमों के तहत कार्रवाई की जा रही है। जांच पूरी होने पर ही आगे कुछ कहा जा सकता है।