युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। विजयनगर थाना क्षेत्र में स्थित राठी फैक्ट्री में मूर्ति क्षतिग्रस्त होने की सूचना मिलने पर विजयनगर पुलिस में हड़कंप मच गया। तत्काल पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मामले की जांच की। इंस्पेक्टर विजयनगर महावीर सिंह चौहान ने बताया कि एक व्यक्ति द्वारा सूचना दी गई कि अराजक तत्वों ने मंदिर में रखी मूर्ति को क्षतिग्रस्त कर दिया। ये सूचना पाकर तत्काल पुलिस मौके पर पहुंची तो पता चला कि राठी फैक्टरी काफी समय से बंद है और यहां पर जो मंदिर स्थापित है वो भी काफी पुराना है। वहां देखकर पता चला कि वहां रखी मूर्तियां भी काफी पुरानी है। उसके बाद ही पुलिस ने वहां मूर्तियों को संभालकर सुरक्षित स्थान पर रखवाया क्योंकि फैक्ट्री बंद होने के कारण वहां किसी का प्रवेश नहीं है। इसीलिए इस बात की संभावना कम है कि वहां पर किसी ने जानबूझ कर ऐसा किया हो। वहीं एक व्यक्ति ने ये भी कहा कि वो यहां पर मंदिर में मूर्ति की पुन: स्थापना करना चाहता है क्योंकि राठी स्टील का विवाद कोर्ट में चल रहा है इसीलिए वहां पर किसी को भी कुछ करने की इजाजत नहीं दी जा सकती है। इंस्पेक्टर महावीर सिंह ने बताया कि पुलिस ने फिर भी अपने स्तर पर जांच शुरू कर दी है और जिस व्यक्ति ने मंदिर में मूर्ति को क्षतिग्रस्त करने की सूचना दी उसकी भूमिका की भी जांच की जा रही है। इंस्पेक्टर ने बताया कि उन्होंने एवं उनकी टीम ने सभी मूर्तियों को साफ-सफाई करके सुरक्षित स्थान पर रखवा दिया है और पुलिस भी तैनात कर दी है। श्री सिंह ने बताया कि किसी को भी सांप्रदायिक सौहार्द खराब करने की अनुमति नहीं दी जाएगी और जो भी सांप्रदायिक सौहार्द खराब की करने की कोशिश करेगा उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। श्री सिंह का कहना कि कि जिस व्यक्ति ने मूर्तियों को क्षतिग्रस्त करने की सूचना दी थी उसकी भूमिका भी संदिग्ध दिखाई दे रही है क्योंकि पुलिस से बातचीत के दौरान उस व्यक्ति ने कहा कि उस जमीन के टुकड़े का प्रयोग वह करना चाहता है।