युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। एमएलसी श्रीचंद शर्मा के बेटे और उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल की युवा इकाई के प्रदेश उपाध्यक्ष राजू छाबड़ा के बीच विवाद की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर उप्र व्यापार मंडल से जुड़े व्यापारियों ने आज जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। बाद में प्रशासनिक अधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा।
डीएम को सौंप ज्ञापन में व्यापारियों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि गाजियाबाद पुलिस ने एमएलसी श्रीचंद शर्मा के दबाव में आकर एकपक्षीय कार्रवाई करते हुए युवा व्यापारी नेता पर संगीत धाराएं तामील कर उन्हें जेल भेज दिया, जबकि इस मामले में दोनों पक्षों की ओर से एफआईआर दर्ज की गई थी। व्यापार मंडल गाजियाबाद इकाई के महामंत्री मनवीर नागर ने कहा कि 5 दिसंबर 2021 को रमतेराम रोड पर लगे जाम को खुलवा रहे व्यापारी नेता सुभाष छाबड़ा के दामाद पर एमएलसी श्रीचंद शर्मा के बेटे अविनाश शर्मा और उनके तीन साथियों ने हमला कर दिया। इसकी सूचना सुभाष छाबड़ा और राजू छाबड़ा को मिली तो वे भी मौके पर पहुंच गए। इस बीच काफी संख्या में व्यापारी भी वहां पहुंच गए। दोनों ओर से कहासुनी हुई जो बाद में हाथापाई में बदल गई। मनवीर नागर ने कहा कि शहर के प्रमुख लोगों की मौजूदगी में दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया, लेकिन चुनाव खत्म होते ही पुलिस ने एक पक्ष के खिलाफ कार्रवाई करते हुए राजू छाबड़ा को जेल भेज दिया। उन्होंने कहा कि छाबड़ा की ओर से भी अविनाश शर्मा और उसके साथियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई थी लेेकिन उसपर कोई कार्रवाई नहीं की गई।
उन्होंने कहा कि विधायक के दबाव में आकर पुलिस ने एकपक्षीय कार्रवाई की। जबकि तमाम पुलिस अधिकारी ने मौके का मुवायना कर लोगों के बयान लिए थे। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दूसरे पक्ष के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए।