लखनऊ। बसपा सुप्रीमो मायावती ने आज संविधान बचाने के मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों को आड़े हाथों लिया। मायावती ने कहा कि भाजपा और कांग्रेस अंदर से मिलीभगत कर बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर के संविधान को बदलने में जुटे हुए हैं। संविधान विरोधी दलों की जब केंद्र में सरकार रही तो उन्होंने इसमें इतने संशोधन कर दिए कि अब यह बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर का समता मूलक, धर्मनिरपेक्ष और बहुजन हिताय संविधान नहीं रह गया है। अब यह जातिवादी, पूंजीवादी और सांप्रदायिक संविधान बनकर रह गया है। अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग के लोगों को शिक्षा और नौकरी में आरक्षण का लाभ न मिले या फिर यह निष्प्रभावी रहे इसकी कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और भाजपा तथा अन्य पार्टियों की सरकार गरीबी, बेरोजगारी और महंगाई से लोगों का ध्यान भटकाने के लिए संविधान बचाने का नाटक कर रही हैं। जातिवार गणना पर भी विपक्ष दिखावा कर रहा है।