नोएडा (युग करवट )। नोएडा के सेक्टर-30 स्थित जिला अस्पताल में वार्ड ब्वॉय की कमी के चलते मरीज के परिजन खुद स्ट्रेचर और व्हील चेयर चलाने को मजबूर हो रहे हैं। इस वजह से मरीज के परिजनों को कई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार कुछ वार्डबॉय की ड्यूटी कोरोना वार्ड में लगायी गयी है। वहीं, कुछ वार्डब्वॉय का अनुबंध समाप्त होने के चलते उन्हें कार्य से हटा दिया गया है। जिसके चलते मरीजों के परिजनों को इस प्रकार की समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
जिला अस्पताल में एंबुलेंस और अन्य वाहनों से लाए जाने वाले मरीजों को उपचार के लिए चिकित्सकों तक पहुंचाने के लिए व्हीलचेयर और स्ट्रेचर खींचने वाले वार्डब्वॉय अस्पताल में मौजूद नहीं है। जिला अस्पताल में वार्डवॉय की कमी के चलते स्ट्रेचर और व्हीलचेयर मरीजों को खींच कर ले जाना पड़ रहा है। इससे मरीजों के परिजनों को कई दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। कई बार मरीजों को जिला अस्पताल में व्हील चेयर और स्ट्रेचर तक उपलब्ध नहीं हो पाते हैं।
जिला अस्पताल के प्रवेश द्वार पर व्हील चेयर और स्ट्रेचर : जिला अस्पताल में आपातकालीन से लेकर वार्डों में भर्ती कराने तक के लिए अस्पताल के प्रवेश द्वार के पास रही अस्पताल प्रबंधन की तरफ से व्हीलचेयर और स्ट्रेचर उपलब्ध कराए गए हैं। इन व्हीलचेयर और स्ट्रेचर के लिए दो वार्डब्वॉय की भी नियुक्ति की गयी है। उसके बाद भी जिला अस्पताल में मरीजों के परिजनों को खोजने के बाद भी वार्डब्वॉय नहीं मिलते हैं। जिला अस्पताल की सीएमएस सुषमा चंद्रा से जब इस बारे में जानकारी मांगी तो उन्होंने इस बारे में किसी भी प्रकार की कोई जानकारी नहीं होने की बात कहकर अपना पल्ला झाड़ दिया।