युग करवट संवाददाता
नई दिल्ली। अपने दो दिवसीय दिल्ली दौरे के दूसरे दिन यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। दोनों के बीच करीब 80 मिनट तक बातचीत हुई। प्रधानमंत्री से मुलाकात के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भाजपा के राष्टï्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से भी उनके आवास जाकर मुलाकात की। इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार शाम को गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी। मुख्यमंत्री से मुलाकात करने के बाद गृहमंत्री अमित शाह ने अपना दल की नेता अनुप्रिया पटेल और निषाद पार्टी के नेता से भी मुलाकात की।
सूत्रों के कहना है कि योगी के तीन बड़े नेताओं से मुलाकात के दौरान उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों के साथ ही मंत्रिमंडल में फेरबदल को लेकर भी चर्चा हुई। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री के लखनऊ लौटते ही मंत्रिमंडल में फेरबदल किया जाएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्रधानमंत्री से मुलाकात के दौरान मंत्रिमंडल विस्तार से लेकर विधानसभा चुनाव और कोरोना की स्थिति पर भी चर्चा हुई। वहीं, प्रधानमंत्री से मुलाकात के बाद मंत्रिमंडल में अरविंद शर्मा को जगह मिलने को लेकर फिर से चर्चाएं शुरू हो गई है। अरविंद शर्मा भी इस वक्त दिल्ली में है। और दो दिन पहले उनकी प्रधानमंत्री से मुलाकात हो चुकी है। प्रधानमंत्री के साथ मुख्यमंत्री की 80 मिनट तक बातचीत को अहम माना जा रहा है। आमतौर पर प्रधानमंत्री किसी मुख्यमंत्री से मुलाकात के लिए इतना लंबा वक्त नहीं देते हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि इस मुलाकात के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने कोरोना से निपटने और विधानसभा चुनाव को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को कुछ निर्देश दिए हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, ब्राह्मïणों की नाराजगी को दूर करने के लिए मंत्रिमंडल में अरविंद शर्मा के साथ ही कल ही पार्टी में शामिल हुए जितिन प्रसार को भी शामिल किया जा सकता है। यूपी में जुलाई में विधान परिषद के 6 सदस्यों की सीटें खाली हो रही हैं। भाजपा जितिन प्रसाद को विधान परिषद में भेजेगी। योगी आदित्यनाथ सरकार पर ब्राह्मणों की उपेक्षा के आरोप लगते रहे हैं। ऐसे में जितिन प्रसाद जैसे ब्राह्मण नेता के जरिए पार्टी इस अगड़ी बिरादरी को साधने का प्रयास कर सकती है। चर्चा है कि गृहमंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री को सभी समाज के लोगों को साथ लेकर चलने की नसीहत दी।
सूत्रों के अनुसार शाह ने कथित तौर पर सीएम से कहा कि सरकार को समाज के सभी वर्गों का प्रतिनिधित्व करना चाहिए। यह महत्वपूर्ण है क्योंकि ठाकुर समुदाय के प्रति कथित झुकाव आदित्यनाथ सरकार के खिलाफ मुख्य शिकायतों में से एक रहा है।