युग करवट ब्यूरो
कानपुर। यहां के रिजवी रोड पर गुरुवार तड़के जर्जर मकान भरभराकर ढह गया। हादसे में मजदूर युवक की पत्नी और दोनों बच्चे मलबे में दब गए। शोर-शराबा सुनकर दौड़े इलाकाई लोगों ने बेकनगंज पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों ने लोगों की मदद से किसी तरह मलबे में फंसे हुए लोगों को निकालकर उर्सला भेजा। जहां डॉक्टरों ने महिला व उसके दोनों बच्चों को मृत घोषित कर दिया।
रिजवी रोड निवासी मजदूर मो. राजू पत्नी रुखसाना (35) बेटी शिफा (7) और बेटे नोमान (4) के साथ जर्जर मकान में कई साल से रह रहे हैं। गुरुवार तड़के करीब पांच बजे अचानक जर्जर मकान भरभराकर ढह गया। जिससे रुखसाना और दोनों बच्चे मलबे में दब गए वहीं पति राजू भी घायल हो गए। जर्जर मकान गिरने से इलाके में हड़कंप मच गया। लोगों ने डायल-112 पर सूचना दी तो बेकनगंज इंस्पेक्टर नवाब अहमद फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और इलाकाई लोगों की मदद से राजू और उनकी पत्नी बच्चों को उर्सला भिजवाया। जहां डॉक्टरों ने रुखसाना और दोनों बच्चों को मृत घोषित कर दिया।
पत्नी और बच्चों की मौत से राजू का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। इंस्पेक्टर ने बताया कि मकान काफी जर्जर था नगर निगम को भी सूचना दे दी गई है मौके से मलबे को हटवाया जा रहा है। बचाव के दौरान एक सिपाही भी घायल हो गया है। शहर के बंबा रोड, हरबंश मोहाल, पेंचबाग, करांचीखाना, दर्शनपुरवा समेत शहर के पुराने इलाकों में दर्जनों जर्जर मकान हैं जिनमें दशकों से किराएदार रह रहे हैं। नगर निगम इन्हें खाली कराने के लिए कई बार नोटिस भी दे चुका है। इसके बावजूद इनमें नाममात्र किराया देकर दशकों से रह रहे लोगों जान जोखिम में डालकर रह रहे हैं। पिछले साल बादशाहीनाका कूड़ाघर के पास जर्जर मकान गिरने से युवक की मौत हो गई थी।