नोएडा (युग करवट)। उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा वर्ष 2021 के पेपर लीक होने के मामले में उत्तर प्रदेश एसटीएफ (नोएडा यूनिट) ने दिल्ली स्थित प्रिंटिंग प्रेस के मालिक को गिरफ्तार किया है। इस मामले में थाना सूरजपुर में एसटीएफ के द्वारा विभिन्न प्रिंटिंग प्रेस के मालिकों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत भी मुकदमा दर्ज करवाया गया है।
उत्तर प्रदेश विशेष कार्य दल (एसटीएफ) के नोएडा यूनिट के एसपी राजकुमार मिश्रा ने बताया कि 28 नवंबर वर्ष 2021 को उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा आयोजित की गई थी। परीक्षा सुबह व शाम की दो पारियों में आयोजित की गई थी। उन्होंने बताया कि इसमें 21 लाख अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। परीक्षा वाले दिन प्रश्न पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
उन्होंने बताया कि इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने परीक्षा रद्द कर दी, तथा पेपर लिक करवाने में शामिल कई लोगों आनंद गुप्ता, रंजीत कुमार सिंह, अमर सिंह, अंकित कुमार, धर्मदास, अनूप, संतोष तिवारी, प्रबल सिंह चौहान, अजीत वर्मा, रोहित, पप्पू आर्य, अविनाश, सौरव सिंह, बृजेश कुमार, त्रिवेंद्र सिंह, वजेंद्र कनौजिया, ललित कुमार, संजय कुमार, बिट्टू कुमार, सोनू कुमार आदि को उत्तर प्रदेश के विभिन्न जगहों से गिरफ्तार किया गया।
उन्होंने बताया कि इस मामले की जांच कर रही एसटीएफ ने टीईटी परीक्षा के दिल्ली मे पेपर छापने वाले प्रिंटिंग प्रेस के मालिक राय अनूप प्रसाद मूलनिवासी जनपद गोरखपुर को आज गिरफ्तार किया है। इनकी दिल्ली के ओखला में प्रिंटिंग प्रेस है। उन्होंने बताया कि जांच में पता चला है कि कोलकाता, नोएडा, दिल्ली में स्थित विभिन्न प्रिंटिंग प्रेसों मे टीईटी की परीक्षा के प्रश्न पत्र छपवा गए थे। इस मामले में एसटीएफ की तरफ से पांच प्रिंटिंग प्रेस के कर्ता-धर्ताओं के खिलाफ थाना सूरजपुर में गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हुआ है। मालूम हो कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घोषणा किया था, कि शिक्षक पात्रता परीक्षा के पेपर लिक करवाने में शामिल लोगों के घरों व कार्यालयों पर बुलडोजर चलवागे। गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज होने के बाद इस बात की चर्चा है कि इस अपराध में संलिप्त लोगों की संपत्ति कुर्क होगी, तथा उनके दफ्तरों पर बुलडोजर चलेगा।