युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। जरूरी वस्तुओं की कमी न हो, इसको लेकर जिला प्रशासन ने सुबह सात से ११ बजे तक किराना दुकानें खोलने की परमिशन जारी की थी। लेकिन पुलिसकर्मी समय से पूर्व ही किराना दुकानों को बंद करा रहे हैं। आज सुबह भी करीब साढ़े दस बजे से ही पुलिस ने बाज़ारों में लाउडस्पीकर के जरिए दुकानदारों से बाज़ार बंद करने का निर्देश दे दिया। पुलिस की इस कार्रवाई से दुकानदारों में एकदम से भगदड़ मच गई।
करीब दस दिन लॉकडाउन के उपरांत खुले किराना बाज़ार से सामान लेने के लिए लोग बड़ी संख्या में पहुंचे तो वहीं दुकानदारों ने भी तय समय से अपने प्रतिष्ठान खोले। किराना दुकान खोले जाने का समय सुबह ११ बजे तक का निर्धारित किया गया था लेकिन पुलिस साढ़े दस बजे से बाज़ारों में घूम-घूम कर दुकानों को बंद कराने लग गई। ऐसे में दुकान पर सामान खरीद रहे लोगों में जहां अफरा-तफरी का माहौल व्याप्त हो गया वहीं दुकानदार भी इस कार्रवाई से आक्रोषित नजऱ आए। दुकानदारों ने कहा कि जब दुकान बंद करने का समय निर्धारित किया गया है तो पहले ही दुकानें क्यों बंद कराई जा रही हंै। दुकानें बंद होने से बड़ी संख्या में लोग बिना सामान लिए ही वापस जाने को मजबूर हो गए। बता दें कि लॉकडाउन में सभी प्रकार के प्रतिष्ठान बंद कर दिए गए हैं जिसमें किराना सामान की दुकानें भी शामिल हैं। किराने की दुकानें बंद होने के कारण लोगों को खाने-पीने के सामान की किल्लत भी हो रही है तो वहीं चोरी छिपे बड़ी संख्या में दुकानदार महंगे दामों पर सामान बेच रहे हैं। किराना सामान की आपूर्ति न होने से भी कालाबाजारी की समस्या बढ़ रही है। ऐसे में अब लॉकडाउन के दौरान सुबह ११ बजे तक दुकानें खोलने की छूट दी गई है लेकिन पुलिसकर्मी मनमर्जी तरीके से दुकानों को बंद करा रहे हैं।