युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। निगम के द्वारा एक बार फिर से हाउस टैक्स के नोटिसों के वितरण का कार्य शुरू कर दिया। इन नोटिसों के वितरण का कार्य बीजेपी के पार्षद राजेन्द्र त्यागी और पार्षद हिमांशु मित्तल के विरोध के बाद रोका गया था। दोनों ही पार्षदों का कहना है कि नगर निगम जो हाउस टैक्स के नोटिसों का वितरण कर रहा है । उनमें 90 प्रतिशत ऐसे नोटिस है जो पूरी तरह से गलत है। नोटिस में कई गंभीर गलती है। नोटिसों में किसी प्रॉपर्टी पर कारपेट तो किसी पर कवर्ड एरिया के हिसाब से टैक्स रोपित किया हुआ है।
यहीं नहीं कई तो ऐसे प्लॉट है जिनका आवंटन जीडीए की ओर से किया गया है। इन प्लॉट में करीब 15 से 30 प्रतिशत सेटबैक छोडऩा अनिवार्य है। मगर कुल प्लॉट के एरिया से भी कई सौ फुट अधिक नोटिस में कवर्ड एरिया दिखाया गया है। कई प्लॉट में कवर्ड एरिया अधिक दिखाकर टैक्स भी अधिक लगा दिया गया। जबकि इससे पहले नगर निगम ने जो हाउस टैक्स के नोटिस वितरित किए थे उनमें कवर्ड एरिया ठीक था। इन नोटिसों को लेकर अब विवाद और तेज होने की संभावना है। माना जा रहा है कि जल्दी ही इस प्रकरण को लेकर विवाद शासन तक जा सकता है। इसके लिए तैयारी भी चल रही है। कई ऐसे पार्षद है जो मानते है कि गलत नोटिस जारी करने से लोगों परेशान होंगे और नगर निगम के टैक्स विभाग में इससे भ्रष्टïाचार बढ़ेगा।