युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। निर्बल वर्ग के छात्रों को प्रतियोगी परीक्षा की तैयारियों के लिए मिशन कर्मयोगी के तहत जनवरी से जनपद स्तर पर कोचिंग क्लासेस शुरू होने जा रही हैं। इन कोचिंग क्लास का शुभारंभ बुधवार को औपचारिक रूप से किया गया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंधन अकादमी के महानिदेशक एल के वैंकटेश्वर ने कहा कि यह कोचिंग निर्बल छात्रों के लिए मील का पत्थर साबित होंगी। आईटीएस कॉलेज में अमृत महोत्सव के तहत मिशन कर्मयोगी अभ्युदय का अमृत महोत्सव पर विषयक कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का शुभारंभ महानिदेशक एल के वैंकटेश्वर लू, डीएम आरके सिंह, सीडीओ अस्मिता लाल ने दीप प्रज्जवलित कर किया। इस दौरान महानिदेशक ने छात्रों को सम्बोधित करते हुए कहा कि सरकार की योजना के तहत निर्बल वर्ग के छात्रों को प्रतियोगी परीक्षा के लिए तैयार करने के उद्देश्य से फरवरी २०२१ में मंडल स्तर पर विशेष कोचिंग क्लास शुरू की गई थी। जनवरी से इस योजना का दूसरा चरण शुरू होगा जिसमें मंडल स्तर के अलावा जनपद स्तर पर भी छात्रों के लिए विशेष कोचिंग क्लासेस शुरू होंगी। वैंकटेश्वर लू ने कहा कि इन क्लासेस का फायदा उन छात्रों को मिलेगा जो निजी कोचिंग की महंगी फीस नहीं चुका पाते हैं। ऐसे में इन छात्रों के लिए यह कोचिंग क्लासेस मील का पत्थर साबित होंगी। डीएम आरके सिंह ने छात्रों से कहा कि शासन की यह योजना छात्रों के भविष्य को सुनहरा बनाने के लिए चलाई गई है, इसका अधिक से अधिक लाभ लें। जनवरी से जनपद में भी यह क्लासेस शुरू होंगी जिसे गंभीरता से छात्र पढ़ाई कर अपने भविष्य को संवारें। मुख्य अतिथि का स्वागत डीएम आरके सिंह ने बुके देकर किया। कार्यक्रम के दौरान भागीरथ सेवा संस्थान द्वारा नशा मुक्त भारत अभियान के तहत नुक्कड़ नाटक का मंचन भी किया गया। वहीं छात्रों ने भी अपने विचार रखे। इसके बाद विचार विमर्श का सत्र चला।
कार्यक्रम के अंत में सीडीओ अस्मिता लाल ने इस महत्वकांक्षी योजना के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए अतिथियों को स्मृति चिन्ह् प्रदान कर धन्यवाद ज्ञापित किया। इस दौरान जिला ग्राम्य विकास अभिकरण परियोजना निदेशक पीएन दीक्षित, जिला समाज कल्याण अधिकारी अमरजीत सिंह, डीआईओएस प्रदीप कुमार, बीएसए ब्रजभूषण चौधरी आदि मौजूद रहे।