युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। नगर निगम बोर्ड की बैठक का आयोजन आज सुबह हिंदी भवन में किया गया। बैठक शुरू होते ही 2 मिनट का मौन धारण कर पूर्व पार्षद मुकेश त्यागी और कोविड-19 से मृत नगर निगम के कर्मचारियों को श्रद्धांजलि दी गई। इस दौरान मेयर आशा शर्मा ने सभी पार्षदों से पहले बजट को पास कराने के लिए चर्चा करने का निवेदन किया। लेकिन इसी बीच हंगामा शुरू हो गया। भाजपा के वरिष्ठ पार्षद हिमांशु लव ने अपनी सीट से खड़े होकर मेयर आशा शर्मा और नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर को प्रतीक चिन्ह भेंट कर उन्हें सम्मानित किया, इस पर काफी हंगामा हुआ। इसका कारण कोई समझ तो नहीं सका। लेकिन जैसे ही पार्षद हिमांशु लव ने कहा कि कोविड-19 के कारण जब लोग संकट से जूझ रहे हैं, उस समय शहर की जनता पर 15 प्रतिशत हाउस टैक्स का बोझ डालने के लिए मेयर और नगर आयुक्त को सम्मानित किया जाता है। यह सुनते ही सदन में हंगामा मच गया। भाजपा पार्षद दल नेता राजेंद्र त्यागी ने कहा कि तुमने ऐसा कर मेयर और नगर आयुक्त का अपमान किया है। मैं पार्षद दल नेता होने के नाते तुम्हें निर्देश देता हूं कि तुम अपने स्थान पर बैठो। उन्होंने कहा कि सम्मान करने से पहले मेयर से अनुमति लेनी चाहिए थी। इस दौरान पार्षद जाकिर अली सैफ ने कहा कि हाउस टैक्स वृद्धि के मामले पर बैठक बुलाई गई है इसलिए टैक्स में 15 प्रतिशत की वृद्धि को लेकर पहले चर्चा की जाए। इसको लेकर जमकर हंगामा हुआ। दूसरी ओर भाजपा के पार्षद सुनील यादव विरोध में जुट गए। उनका कहना था कि पहले सदन में बजट पर चर्चा होगी। इस दौरान यह मामला अंबेडकर पार्क में पार्किंग बनाने को लेकर भी बसपा पार्षद दल नेता आनंद चौधरी और नरेश जाटव ने उठाया। उनका कहना था कि अंबेडकर पार्क में किसी भी सूरत में पार्किंग नहीं बननी चाहिए। पार्किंग नए बस अड्डे के पास बनाई जाए। उन्होंने कहा कि पार्किंग के लिए पार्क को उजडऩे नहीं देंगे। पार्क में पार्किंग ना बने, इसके लिए भी एक प्रस्ताव पास किया गया कि प्रत्येक जोन में एक सरकारी अस्पताल बनाया जाए। खास बात यह है कि इस अस्पताल को बनाने के लिए बजट में कोई भी प्रावधान नहीं किया गया। सदन में डूंडाहेड़ा में सरकारी अस्पताल के लिए जमीन देने का प्रस्ताव भी पास किया गया, इसके अलावा सदन में मुख्य रूप से कई प्रस्तावों पर चर्चा हुई। बोर्ड की बैठक में बजट सहित आज 174 प्रस्ताव पेश किए गए। इनमें सबसे पहले टैक्स में छूट का प्रस्ताव है। इसमें एक अप्रैल से 31 अक्टूबर तक 20, एक नवंबर से 31 दिसंबर तक 15, एक जनवरी से 10 फरवरी तक छूट दी जाएगी। मार्च में किसी प्रकार की छूट टैक्स जमा करने पर नहीं होगी। यह छूट बकाया पर नहीं दी जाएगी। निगम अपनी सभी गैर आवासीय संपत्तियों पर किराया अब डीएम द्वारा तय सर्किल रेट के हिसाब से वसूल करेगा, दिवंगत प्रसिद्घ कवि डॉ. कुंवर बेचैन के नाम से सड़क का नामकरण किया गया है। आज यह प्रस्ताव बोर्ड की स्वीकृति के लिए पेश किया गया।
ई-बस डिपो को वर्कशॉप और चार्जिंग बनाने के लिए जमीन भी नगर निगम देगा। यह प्रस्ताव भी सदन में पेश किया गया। जीडीए द्वारा जो कॉलोनियां निगम को हैंडओवर की गई हैं, उनके कम्युनिटी सेंटर का रख-रखाव जीडीए कर रहा है। अब निगम इस पर कब्जा लेना चाहता है। यह प्रस्ताव सदन में पार्षद हिमांशु लव ने पेश किया। शूटर देवांशी को आर्थिक मद्द देने, भू-माफियाओं पर कार्रवाई नहीं कर सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे के मामले में जवाबदेही, रोडवेज को गाजियाबाद और कौशांबी के बस अड्डे को दूसरी जगह शिफ्ट करने के लिए अस्थाई तौर पर जगह देने, वाहन पार्किंग के लिए रेट निर्धारित करने, मालियों और वाहन चालकों की सैलरी बढ़ाने तथा पालतू पशुओं के पकड़े जाने पर प्रति पशु दो हजार रुपये जुर्माना वसूलने, चालू वित्त वर्ष में हाउस टैक्स में 15 प्रतिशत की वृद्घि का प्रस्ताव अजेंडा में पेश किया गया। इसमें से कई प्रस्तावों पर सदन ने अपनी सहमति की मुहर लगा दी है। बैठक की अध्यक्षता मेयर आशा शर्मा ने की। बैठक में नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर, अपर नगर आयुक्त प्रमोद कुमार, अपर नगर आयुक्त आरएन पांडेय, कर निर्धारण अधिकारी तथा अन्य पार्षद सदन में मौजूद रहे।