युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। अनूपशहर बुलंदशहर निवासी वृद्घ अब्दुल समद के साथ हुई शर्मनाक वारदात के बाद पुलिस प्रशासन द्वारा अपनाई गई सख्ती के बावजूद वीडियो वायरल किये जाने का सिलसिला जारी रहा। पिछले चार-पांच दिनों में उक्त प्रकरण से संबंधित कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते दिखाई दिए।
इन वायरल वीडियोज़ मेंं एक शख्स यह कहता दिखाई दिया कि वृद्घ अब्दुल समद की पिटाई किसी जातिया द्वेष की वजह से ना होकर उनके द्वारा दिए गये ताबीज की वजह से हुई। एक वीडियो में पीडि़त वृद्घ खुद यह स्वीकार करते नजर आये कि वह ताबीज देकर लोगों की समस्याओं का निराकरण करते हैं। एकवीडियो में खुद को पीडि़त का पुत्र बताने वाले शख्स ने कहा कि उनकी पुश्तों ने भी कभी ताबीज बनाने का काम नहीं किया। वहीं एक वीडियो में वृद्घ के पास से ताबीज के अलावा कई आपत्तिजनक वस्तुएं भी बरामद होती दिखाई दे रही हैं। इसके अलावा कई और ऐसे वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं जो यह इशारा करते हैं कि उक्त सनसनीखेज घटना के पीछे ताबीज की भूमिका भी अहï्म रही है। जब इन वीडियोज़ के बारे में डीआईजी अमित पाठक से पूछा गया तो उनका कहना था कि पुलिस द्वारा की गई गहन जांच में यह बात सामने आई है कि वृद्घ के साथ हुई मारपीट व अभद्रता की घटना के पीछे की मुख्य वजह अब्दुल समद द्वारा दिए गए ताबीज की वजह से उपजा विवाद है। श्री पाठक ने कहा कि ना तो किसी को कानून तोडऩे की इजाजत दी जाएगी और ना ही सांप्रदायिक माहौल को खराब करने दिया जायेगा।