सुरेश चौधरी
नोएडा (युग करवट)। पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह के मीडिया प्रभारी धर्मेंद्र शुक्ला ने बताया कि 8 जनवरी को वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को एक मेल प्राप्त हुई। उस मेल में एक वीडियो अपलोड की गई थी। जिसमें यह दर्शाया गया कि थाना फेस- वन क्षेत्र के झुंडपुरा चौकी क्षेत्र में पीसीआर 34 पर ड्यूटीरत कर्मचारियों द्वारा अवैध धन की उगाही की जा रही है। उन्होंने बताया कि जांच में पाई गई आख्या से यह स्पष्ट हुआ कि पीसीआर पर नियुक्त कर्मचारियों द्वारा जनता से अवैध धन उगाही की गई है।
उन्होंने बताया कि इस मामले में थाना फेस- वन के वरिष्ठ उपनिरीक्षक राजकुमार सिंह की शिकायत पर थाने में कांस्टेबल अरविंद कुमार (3288) तथा कांस्टेबल अमित कुमार (3655) के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 7 तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 13 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। उन्होंने बताया कि दोनों कांस्टेबल फरार हैं। उन्हें पुलिस उपायुक्त द्वारा निलंबित कर दिया गया है।
चर्चा-ए-आम बना पुलिसकर्मियों पर हुआ मुकदमा
नोएडा (युग करवट)। थाना फेस-वन क्षेत्र में अवैध उगाही की वीडियो वायरल होने और पुलिसकर्मियों पर मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस विभाग में तरह-तरह की चर्चा है। झूंपुरा चौकी पर पूर्व में तैनात रहे चौकी प्रभारी तथा वर्तमान में प्रोन्नत होकर इंस्पेक्टर हुए एक पुलिसकर्मी के इशारे पर यह सारा खेल हुआ है। पूर्व चौकी प्रभारी का खासम-खास आमिर नामक युवक, कुछ पत्रकारों के साथ मिलकर थाना फेस वन क्षेत्र के 5 जगहों पर सट्टे का अवैध कारोबार चलाता है, चर्चा है कि थाना फेस वन क्षेत्र में सट्टा, नशे का सामान, अवैध शराब, देह व्यापार , गैस की कालाबाजारी सहित कई अवैध कारोबार चल रहे हैं, जिसको आमिर के संरक्षण में चलाया जा रहा था। पुलिस विभाग में यहां तक चर्चा है कि आमिर 25 से 30 लाख रुपया प्रतिमाह अवैध उगाही करता है। चर्चा यहां तक है कि थाना स्तर से लेकर बड़े अधिकारियों तक हर माह मोटी रकम पहुंचती है। पुलिस विभाग में चर्चा है कि नए थाना प्रभारी और नए चौकी प्रभारी संजय पुर्निया ने उनके काले कारनामों पर जमकर अंकुश लगाया था। चर्चा यहां तक है कि कुख्यात गांजा तस्कर तारा को भी नए चौकी प्रभारी संजय ने जेल भेज दिया था।