युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। हाउस टैक्स में 15 प्रतिशत का इजाफा करने को लेकर अब नया पैंच फस गया है। इस मामले में भाजपा पार्षद हिमांशु मित्तल ने नगर आयुक्त को एक पत्र लिखा है। उन्होंने पत्र में कहा है कि प्रतिवर्ष पांच प्रतिशत के आधार पर टैक्स बढ़ाने के लिए जिस प्रस्ताव को आधार माना जा रहा है, वह प्रस्ताव कभी निगम बोर्ड की बैठक में पास हुआ ही नहीं है। उन्होंने अपने पत्र के साथ वर्ष 2014 में पास हुए प्रस्ताव की प्रति भी नगर आयुक्त को भेजी है, जिसमें कहीं नहीं लिखा है कि नगर निगम प्रति वर्ष पांच प्रतिशत टैक्स बढ़ाएगा।
पत्र में उन्होंने बताया कि 13 नवंबर, 2014 को एक बैठक हुई थी। बैठक की प्रस्ताव संख्या 78 में पार्षद राजेंद्र त्यागी ने प्रतिवर्ष पांच प्रतिशत हाउस टैक्स बढ़ाने का प्रस्ताव रखा था जिसे सदन ने अस्वीकार कर दिया। सदन ने केवल इतना ही प्रस्ताव पास किया था कि कई वर्ष से हाउस टैक्स नहीं बढ़ा है, ऐसे में नगर निगम टैक्स में दस प्रतिशत इजाफा कर सकता है। तत्कालीन नगर आयुक्त अब्दुल समद ने 22 जून, 2016 को एक प्रस्ताव कार्यकारिणी की बैठक में पेश किया था। यह प्रस्ताव संख्या 359 और 360 थी जिस पर पांच प्रतिशत टैक्स बढ़ाने का सुझाव रखा गया था। यह प्रस्ताव निगम बोर्ड में कभी भी पास होने के लिए पेश नहीं किया गया। बावजूद इसके नगर आयुक्त ने छह जुलाई, 2016 को टैक्स में पांच प्रतिशत इजाफा कर दिया।

टैक्स को लेकर फंसा नया पेंच
युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। हाउस टैक्स में 15 प्रतिशत का इजाफा करने को लेकर अब नया पैंच फस गया है। इस मामले में भाजपा पार्षद हिमांशु मित्तल ने नगर आयुक्त को एक पत्र लिखा है। उन्होंने पत्र में कहा है कि प्रतिवर्ष पांच प्रतिशत के आधार पर टैक्स बढ़ाने के लिए जिस प्रस्ताव को आधार माना जा रहा है, वह प्रस्ताव कभी निगम बोर्ड की बैठक में पास हुआ ही नहीं है। उन्होंने अपने पत्र के साथ वर्ष 2014 में पास हुए प्रस्ताव की प्रति भी नगर आयुक्त को भेजी है, जिसमें कहीं नहीं लिखा है कि नगर निगम प्रति वर्ष पांच प्रतिशत टैक्स बढ़ाएगा।
पत्र में उन्होंने बताया कि 13 नवंबर, 2014 को एक बैठक हुई थी। बैठक की प्रस्ताव संख्या 78 में पार्षद राजेंद्र त्यागी ने प्रतिवर्ष पांच प्रतिशत हाउस टैक्स बढ़ाने का प्रस्ताव रखा था जिसे सदन ने अस्वीकार कर दिया। सदन ने केवल इतना ही प्रस्ताव पास किया था कि कई वर्ष से हाउस टैक्स नहीं बढ़ा है, ऐसे में नगर निगम टैक्स में दस प्रतिशत इजाफा कर सकता है। तत्कालीन नगर आयुक्त अब्दुल समद ने 22 जून, 2016 को एक प्रस्ताव कार्यकारिणी की बैठक में पेश किया था। यह प्रस्ताव संख्या 359 और 360 थी जिस पर पांच प्रतिशत टैक्स बढ़ाने का सुझाव रखा गया था। यह प्रस्ताव निगम बोर्ड में कभी भी पास होने के लिए पेश नहीं किया गया। बावजूद इसके नगर आयुक्त ने छह जुलाई, 2016 को टैक्स में पांच प्रतिशत इजाफा कर दिया।