गाजियाबाद। जिले में वैक्सीनेशन की रफ्तार अब धीरे-धीरे कम हो रही है। तो वहीं दूसरी ओर लोग ऑनलाइन स्लॉट ना मिलने से परेशान हो रहे हैं। हालांकि, इसके पीछे एक बड़ा कारण वैक्सीन की शॉर्टेज है जिसके बारे में स्वास्थ्य विभाग बोलने को तैयार नहीं है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी यह दावा कर रहे हैं कि जिले में वैक्सीन की कोई कमी नहीं है। अगर ऐसा है तो फिर लोगों को ऑनलाइन स्लॉट क्यों नहीं मिल पा रहा है। बुकिंग के लिए जब भी एप खोला जाता है तभी बुकिंग फुल दिखा दी जाती है। एक सेंटर पर कम से कम दो सौ से तीन सौ लोगों को वैक्सीन लगाने का टारगेट दिया गया है। वर्तमान में वैक्सीनेशन सिर्फ सरकारी केंद्रों पर ही हो रहा है। ऐसे में इन वैक्सीनेशन सेंटर पर लोगों की भीड़ होनी चाहिए लेकिन जिले में संचालित हो रहे वैक्सीनेशन सेंटर्स से भीड़ अब गायब होती दिख रही है। स्वास्थ्य अधिकारियों की मानें तो वैक्सीन की उपलब्धता पर ही स्लॉट मिलता है जिसे प्रतिदिन दो घंटे दस से १२ बजे के बीच खोला जाता है। जिस सेंटर पर उपलब्धता होती है, वहां की बुकिंग हो जाती है। अगर जिले में वैक्सीन की उपलब्धता है तो प्रतिदिन कम से कम ढाई हजार लोगों की बुकिंग होनी चाहिए और इतने ही लोग वैक्सीनेशन सेंटर्स पर पहुंचने चाहिएं लेकिन हालात इससे विपरीत हैं। बामुश्किल पांच सौ ही बुकिंग जिले में ऑनलाइन हो पा रही हैं। जिन लोगों की बुकिंग हो रही है, वही अब सेंटर्स पर पहुंच रहे हैं।