युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। पंचायत चुनाव के वार्डों के नतीजे आने के बाद अब जिला पंचायत अध्यक्ष पद को लेकर जोर आजमाइश तेज हो गई है। गांव की सरकार में इस पद उतना ही महत्वपूर्ण है, जितना विधान सभा चुनाव में मुख्यमंत्री पद का होता है। गाजियाबाद जिला पंचायत के वार्ड चुनाव के सभी 12 वार्डों के नतीजे आ गए। इनमें से बसपा से सबसे अधिक पांच वार्डों पर जीत हासिल की है। बसपा ने जिन वार्डों पर जीत हासिल की है, उनमें वार्ड-1 भोजपुर ब्लॉक से अमरपाल प्रधान, भोजपुर ब्लॉक से ही वार्ड-2 से अशिका चौधरी पत्नी नदीम चौधरी, वार्ड-3 भोजपुर ब्लॉक से अनिल गौतम, वार्ड-5 भोजपुर ब्लॉक से शौकिंद्र चौधरी और वार्ड-8 मुरादनगर ब्लॉक से प्रिया सिंह ने जीत दर्ज की है।
बसपा ने पांच वार्डों पर जीत का परचम लहराया तो रालोद ने तीन वार्डों पर अपना कब्जा जमाया। रालोद प्रत्याशी दया ने वार्ड-चार पर जीत हासिल की है। वहीं वार्ड-9 पर रालोद प्रत्याशी बबली देवी और वार्ड-7 पर अमित त्यागी सरना ने भाजपा प्रत्याशी पुष्पेंद्र चौधरी पर अप्रत्याशित जीत हासिल की है। पंचायत चुनाव में समाजवादी पार्टी ने भी तीन सीटों पर अपनी जीत हासिल की है। सपा प्रत्याशियों में वार्ड-10 से नसीम बेगम, वार्ड-11 से रजनी देवी और वार्ड -6 से मीनू यादव ने जीत दर्ज की है। जबकि भाजपा को गाजियाबाद में पंचायत चुनाव में तगड़ा झटका लगा है। भाजपा सिर्फ दो वार्ड पर ही जीत हासिल कर सकी है। भाजपा लोनी के वार्ड-13 में अंशु मावी और वार्ड-14 में ममता त्यागी को ही जीत दिलवा पाने में कामयाब रही। जबकि वार्ड-12 में निर्दलीय प्रमिता कसाना ने जीत हासिल की है।
पंचायत चुनाव में बसपा ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पांच वार्डों में जीत हासिल की है। यह जीत तब हासिल हुई जब बसपा के संगठन में उथल पुथल हो रहा था। बसपा के जिलाध्यक्ष विरेंद्र जाटव के कुशल नेतृत्व और रणनीति के आगे सभी दलों की रणनीतियां विफल हो गई। बसपा की ओर से अब जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी हासिल करने की कवायद तेज हो गई है।
सूत्रों का कहना है कि बसपा ने जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी हासिल करने के लिए बसपा की ओर से कोशिशें शुरू हो गई है। पार्टी नेताओं का कहना है कि चूंकि यह चुनाव पार्टी के सिंबल पर नहीं लड़ा जाता है इसलिए जिला पंचायत अध्यक्ष के चयन के लिए पार्टी की ओर से व्हीप जारी करने जैसी बात नहीं है। निर्दलीय को मिलाकर बसपा के पास छह वोट हो जाएंगे। ऐसे में अगर दूसरी पार्टी समर्थन भी न दे तो भी बसपा के ही जिला पंचायत अध्यक्ष बनने के आसार ज्यादा बन रहे हैं। हालांकि बसपा जिलाअध्यक्ष विरेंद्र जाटव ने इस बारे में कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया लेकिन उन्होंने कहा कि अब प्रदेश में बदलाव शुरू हो गया है। जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर भी बदलाव होगा। यह तय है कि इस बार इस पद पर भाजपा का कब्जा नहीं होगा। उन्होंने कहा कि बसपा की ओर से जिला पंचायत अध्यक्ष पद हासिल करने के लिए प्रयास किए जाएंगे।
वहीं, बसपा संगठन में भी जिलाध्यक्ष की कार्यशैली की प्रशंसा हो रही है। चुनाव से मात्र एक माह पहले ही उन्हें जिलाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई थी। इस एक माह में उन्होंने हर ब्लॉक में खुद बैठकें कर पार्टी संगठन को फिर से मजबूत किया। जातिगत आधार पर टिकट दिए गए। पार्टी की ओर से  कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी दी गई। जिन कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी दी गई थी, उन्होंने पूरी मेहनत की। यही कारण है कि पार्टी को शानदार जीत हासिल हुई है।
वार्ड १ अमरपाल प्रधान   बसपा
वार्ड २ आसिफ चौधरी     बसपा
वार्ड ३   अनिल गौतम     बसपा
वार्ड ४   दया             रालोद
वार्ड ५ शौकेन्द्र         बसपा
वार्ड ६ मीनू यादव       सपा
वार्ड ७ अमित त्यागी सरना रालोद
वार्ड ८ प्रिया सिंह       बसपा
वार्ड ९ बबली देवी     रालोद
वार्ड १०   नसीम बेगम   सपा
वार्ड  ११ रजनी देवी   सपा
वार्ड १२   प्रमिता कसाना निर्दलीय
वार्ड  १३ अंशु मावी     भाजपा
वार्ड  १४ ममता त्यागी   भाजपा