गाजियाबाद। मंगलवार को खरना के साथ ही छठ पूजा के दूसरे दिन से ३६ घंटे का निर्जला व्रत शुरू हुआ। यह छठ पूजा के पहले दिन नहाय खाय के साथ शुरू होता है और दूसरे दिन खरना किया जाता है। खरना में व्रतियों द्वारा खीर और फलों का प्रसाद बनाकर अघ्र्य देने के उपरांत व प्रसाद ग्रहण करने के साथ ही ३६ घंटे का कठिन निर्जला उपवास शुरू किया गया। छठ पूजा के दूसरे दिन मंगलवार को खरना का शुभारंभ सुबह छह बजकर १९ मिनट पर सूर्याेदय के साथ शुरू हुआ। खरना पूजा में पूरे दिन व्रत रखा जाता है। इसके बाद शाम को गुड़, अरवा चावल व दूध से खीर बनाई जाती है जिसका भोग छठी मैया को लगाया जाता है।