नोएडा (युगकरवट)। गौतमबुद्धनगर पुलिस कमिश्नरेट में तैनात 230 पुलिसकर्मी शुक्रवार तक कोरोना वायरस से संक्रमित हो गए हैं। इसमें पुलिस के अधिकारी, इंस्पेक्टर, उप- निरीक्षक तथा कांस्टेबल व हेड कांस्टेबल शामिल हैं। कई पुलिसकर्मी क्वॉरेंटाइन है। कोविड-19 से संक्रमित ज्यादातर मरीजों की हालत स्थिर बनी हुई है। एक उपनिरीक्षक व एक कास्टेबल की कोरोनावायरस के चलते मौत हो चुकी है।
पुलिस उपायुक्त मुख्यालय/ लाइन मीनाक्षी कात्यायन ने बताया कि गौतमबुद्धनगर पुलिस कमिश्नरेट में तैनात 2 पुलिसकर्मी कोविड-19 से संक्रमित हो गए हैं। उन्होंने बताया कि कई थानाध्यक्ष, कई पुलिस के निरीक्षक, उप- निरीक्षक, कांस्टेबल व हेड कांस्टेबल तथा पुलिस के अधिकारी और उनके परिजन कोविड-19 से संक्रमित हो गए हैं।
उन्होंने बताया कि इनके संपर्क में आए कुछ पुलिसकर्मियों को क्वारेन्टाइन किया गया है। पुलिस उपायुक्त ने बताया कि सभी पुलिसकर्मियों का उपचार चल रहा है, तथा उनकी स्थिति नियंत्रण में है। उन्होंने बताया कि 230 संक्रमित पुलिसकर्मियों में से 48 पुलिसकर्मी कोरोना वायरस को मात देकर ठीक हो चुके हैं।
पुलिस उपायुक्त ने बताया कि कोविड-19 से संक्रमित सभी पुलिसकर्मियों की स्थिति ठीक है। उन्होंने बताया कि कोरोनावायरस से बचने के लिए कोविड-19 का इंजेक्शन सभी पुलिसकर्मियों को लगवाई गई थी। जिसकी वजह से कोरोनावायरस का असर पुलिसकर्मियों पर कम हो रहा है। उन्होंने बताया कि पुलिस कर्मियों को कोरोना संक्रमण से बचाने के लिए हर संभव प्रयास किया जा रहा है। हर थानों में कोविड-19 डेस्क लगाई गई है। सैनिटाइजेशन का उपयोग किया जा रहा है, तथा थाने के अंदर बाहर से आने वाले लोगों को सैनिटाइज करने के बाद ही थाने में प्रवेश दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए जा रहे, आरोपियों का भी कोविड टेस्ट कराया जा रहा है। ताकि गिरफ्तारी के समय उनको छूने से कोई पुलिसकर्मी संक्रमित ना हो पाए। उन्होंने बताया कि थानों में तथा चेकिंग पॉइंट पर तैनात पुलिसकर्मियों को पीपी कीट, ग्लब्स, मास्क, सैनिटाइजर आदि उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि पुलिसकर्मियों के उपचार के लिए ग्रेटर नोएडा के एससी एससी हॉस्टल में एक एल-1 स्तर का अस्पताल शुरू किया गया है। पुलिस आयुक्त का कहना है कि पुलिसकर्मियों को संक्रमित होने से बचाने के लिए जरूरी उपाय किए गए हैं। उन्होंने ग्लब्स, सैनिटाइजर आदि रेगुलर तरीके से उपलब्ध कराए जा रहे हैं।