प्रमुख संवाददाता
गाजियाबाद (युग करवट)। गाजियाबाद की हिस्ट्री में आज एक अहम दिन है। जो नगर निगम कभी सॉलिडवेस्ट मैनेजमेंट के गुर सीखने के लिए दूसरे राज्यों में जाता था आज प्रदेश के सभी 17 नगर निगमों को निगम कचरा प्रबंधन के टिप्स दे रहा है। इसके लिए आज एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन कौशांबी स्थित एक होटल में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथिति के तौर पर प्रमुख सचिव नगर विकास विभाग अमृत अभिजात शामिल हुए। इनके अलावा एसबीएम प्रभारी सहित कई प्रदेश सरकार में सीनियर अधिकारी शामिल हुए। कार्यक्रम की अध्यक्षता मेयर आशा शर्मा ने की। सॉलिडवेस्ट मैनेजमेंट के टिप्स नगर आयुक्त एवं आईएएस अधिकारी महेंद्र सिंह तंवर दे दिए।
सॉलिडवेस्ट मैनेजमेंट की कार्यशाला में कई नगर निगमों के अलावा यूपी के कई सीनियर अधिकारी भी शामिल हुए। इनमें यूपी के एडिशनल चीफ सेक्रेट्री आईएएस मनोज सिंह, अर्बन डिवेलपमेंट यूपी के प्रमुख सचिव अमृत अभिजात, यूपी सरकार में सचिव आशीष तिवारी, स्टेट मिशन डायरेक्टर एसबीएम आईएएस अधिकारी नेहा शर्मा, स्पेशल सेक्रेट्री यूपी सरकार आईएएस राजेन्द्र पेंससिया, सीओ फोरेस्ट चंद्र भूषण आदि सभी 17 नगर निगमों के कचरा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों ने हिस्सा लिया। इसके अलावा निगम की एक्सपर्ट टीम में शामिल कई कंपनियों के अधिकारियों ने भी हिस्सा लिया। इनके अलावा लखनऊ, कानपुर, अलीगढ़, आगरा, मथुरा, आदि यूपी के सभी नगर निगमों के अधिकारी कार्यशाला में शामिल हुए।
आयुक्त ने क्या दिए टिप्स: नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर लंबे समय से सॉलिडवेस्ट मैनेजमेंट पर लंबे समय से कार्य रहे है। आयुक्त की टीम ने बताया कि गाजियाबाद में किस तरह से सूखे और गीले कूड़े के निस्तारण की प्रक्रिया को पूर्ण किया जा रहा है। या भविष्य में क्या योजना है। निगम ने बताया कि डोर टू डोर कूड़ा निस्तारण शहर के सभी 100 वार्डों में चल रहा है। इंदिरापुरम और प्रताप विहार के पास कूड़े के बने पहाड़ को समाप्त किया गया। वार्ड में 80 प्रतिशत बन रहे कूड़े के डलाव घर विलुप्त। 25 करोड़ की लागत से पांच जोन में अंडर ग्राउंड बनाने, सेनेट्री लैंड फील्ड में बायो-कचरा निस्तारण करने तथा सूखे कूड़े से किस तरह से निगम इनकम कर रहा है इस को विस्तार से बताया।