विशेष संवाददाता
गाजियाबाद (युग करवट)। क्षेत्रीय सांसद एवं भारत सरकार में मंत्री जनरल (रि.) वीके सिंह का अपना एक अलग ही अंदाज है। वो दिखावे में कम और प्रेक्टिकल ज्यादा करने में विश्वास रखते हैं। इसका एहसास गत दिनों उस समय हुआ जब वो एक कार्यक्रम में आये। उसमें जिलाधिकारी आरके सिंह और सीएमओ भी मौजूद थे। इस दौरान सवा घंटे वीके सिंह कार्यक्रम में मौजूद रहे, लेकिन इस बीच वो लगातार गाजियाबाद में कैसे विकास हो और कैसे समस्याओं का समाधान हो इसको लेकर जिलाधिकारी से विचार-विमर्श करते रहे। कई अहम मुद्दों पर उन्होंने जिलाधिकारी से बात की। इतना ही नहीं उन्होंने कहा कि गाजियाबाद में विकास और समस्याओं के समाधान के लिए जो भी वो कुछ कर सकते हैं उन्हें बताया जाये वो अपने स्तर से और शासन स्तर से भी कराएंगे। इतना ही नहीं उन्होंने कई और मुद्दों पर भी बात की।
इसके अलावा सीएमओ से उन्होंने कहा कि अस्पतालों की सफाइयां कराएं, जो पुरानी गाडिय़ां हैं उनका डिस्पोजल करायें और एक स्वच्छ माहौल आम लोगों को दें। यहां कहने का मतलब ये है कि अमूमन राजनेता पब्लिक में अपने नंबर बढ़ाने के लिए विकास के बड़े-बड़े दावे करते हैं। अधिकारियों से पब्लिक के सामने बात करते हैं, लेकिन जनरल साहब जिस समय अधिकारियों से बात कर रहे थे उस समय कोई पब्लिक नहीं थी। जाहिर है उनका ये अंदाज और जनप्रतिनिधियों से बिल्कुल अलग है और वो चाहते हैं कि जमीनी तौर पर काम हो और जनता की समस्याओं का समाधान हो।