युग करवट संवाददाता
गाजियाबाद। क्रिश्चियन लीडर्स फेलोशिप संस्था की ओर से नगर निगम के मुख्य ऑफिस पर आज प्रदर्शन किया गया। बाद में संस्था की ओर से एक ज्ञापन नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर को दिया गया। ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि जिस जमीन को क्रिश्चियन समाज के कब्रिस्तान के लिए दिया गया था, उस जमीन पर अर्थला में लोगों ने कब्जा कर कोर्ट से स्टे हासिल कर लिया है। जमीन पर नगर निगम अब कब्जा नहीं दे पा रहा है। ऐसे में परेशान लोगों को शव दफनाने के लिए दिल्ली जाना पड़ता है। मुख्यमंत्री को दिए गए ज्ञापन में संस्थान ने बताया कि नगर निगम बोर्ड से एक प्रस्ताव के आधार पर कब्रिस्तान के लिए उन्हें जमीन का आवंटन किया गया था। यह जमीन 8160 वर्ग मीटर है। भू-लेखों में यह जमीन बंजर है और नगर निगम के स्वामित्व वाली जमीन है। इस जमीन पर बाद में कुछ लोगों ने कब्जा कर लिया। इन लोगों ने इस जमीन पर कोर्ट से स्टे हासिल कर लिया है। चूंकि जमीन पूरी तरह से नगर निगम के स्वामित्व वाली है। ऐसे में जमीन से अवैध कब्जा और कोर्ट के स्टे को खारिज कराने का कार्य नगर निगम को करना था। निगम इस मामले में कुछ नहीं कर रहा है। जिसके कारण क्रिश्चियन समाज के लोगों को कब्रिस्तान की जमीन पर कब्जा नहीं मिल पा रहा है। लोग परेशान है। ऐसे में अगर समाज के किसी व्यक्ति की डैथ हो जाती है तो उन्हें दफनाने के लिए दिल्ली जाना पड़ता है। ज्ञापन में मुख्यमंत्री से कब्रिस्तान की जमीन पर कब्जा देने की मांग की गई है। ज्ञापन देने वालों में पार्षद जाकिर अली सैफी के अलावा संस्था के सचिव पादरी मानेस्वर दास आदि लोग भी मौजूद रहे।