प्रमुख संवाददाता
गाजियाबाद (युग करवट)। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गंगाजल गेस्ट हाउस में चुनिंदा बीजेपी नेताओ और जनप्रतिनिधियों के साथ खुलकर बात की। उन्होंने एक एक जनप्रतिनिधि से गाजियाबाद में क्या और विकास कार्य होने चाहिए सुझाव पूछा। इस दौरान दिल खोलकर जन प्रतिनिधियों ने मुख्य मंत्री के सामने बात रखी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और जनप्रतिनिधियों के बीच करीब एक घंटे तक वार्तालाप चला। मुख्यमंत्री कडक़ मिजाज के माने जाते है। मगर आज मुख्यमंत्री ने बड़े ही जौली अंदाज में सभी जन प्रतिनिधियों की बात सुनी। यह देख कई जनप्रतिनिधि तो हतप्रभ थे। मुख्यमंत्री ने जनप्रतिनिधियों के साथ वार्ता के दौरान बताया कि गाजियाबाद में कानून व्यवस्था काफी अच्छी है। इस दौरान उन्होंने लोनी विधायक नंदकिशोर गुर्जर से भी पूछा कि आपके यहां तो कानून व्यवस्था ठीक है ना। इस दौरान मुख्यमंत्री ने शहर में स्पॉर्ट स्टेडियम और गांव में खेल के मैदान बनाने के लिए भी कार्य करने के लिए आश्वस्त किया। इस दौरान बीजेपी नेता सुनीता दयाल ने भी गाजियाबाद में कानून व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री के सामने तारीफ की। गाजियाबाद में उत्तरांचल भवन का भी मुद्दा उठा। मुख्यमंत्री ने बताया कि इस भवन को बनाने का कार्य चल रहा है। जिस तरह से खेल के मैदान बनाए जा रहे है यह एक अच्छा कार्य है। मगर इसमें और कार्य कराया जाएगा। मुरादनगर विधायक अजितपाल त्यागी ने मधुबन-बापूधाम योजना से प्रभावित किसानों के एक समान मुआवजे का मसला उठाया। मुख्यमंत्री ने कहा कि वह इस मसले को देखेंगे। पार्षद सुनील शर्मा शहर में भूतपूर्व प्रधानमंत्री की प्रतिमा लगाने और साहिबाबाद एरिया में बड़ा अस्पताल बनाने की बात कहीं। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जल्दी ही इस बारे में और कदम आगे बढ़ाए जाएंगे।
शहर विधायक अतुल गर्ग ने विजयनगर क्षेत्र में डिग्री कॉलेज बनाने की मुख्यमंत्री से बात की। मोदीनगर विधायक मंजू शिवाच ने अपने क्षेत्र बसों के संचालन करने, लोनी विधायक ने नगर पालिका परिषद को बढ़ी आबादी के हिसाब से नगर निगम का दर्जा दिलाने की मांग की। जिला पंचायत अध्यक्ष ममता त्यागी ने गांव बरोला तक बस चलाने की मांग की। मुख्यंत्री ने जनप्रतिनिधियों की बात को गंभीरता से सुना और उन्होंने अपने स्टाफ से मांग के प्वाइंट नोट भी कराए। मुख्यमंत्री के इस व्यवहार से जनप्रतिनिधि गदगद नजर आए।