गाजियाबाद। जिले की १०२ एम्बुलेंस सेवा प्रसव पीडि़त महिला के लिए वरदान साबित हो रही है। एक बार फिर एम्बुलेंस कर्मियों की समझदारी से एक महिला और उसके नवजात बच्चे की जान बच गई। एम्बुलेंस सेवा के मैनेजर जयविंदर ने बताया कि लोनी में गांव हकीकतपुर निवासी अनिल कुमार की पत्नी को प्रसव पीड़ा हुई तो उसने अस्पताल जाने के लिए रात २ बजकर २२ मिनट पर १०२ एम्बुलेंस सेवा को कॉल किया। सूचना मिलने पर लोनी सीएचसी पर तैनात एम्बुलेंस दस मिनट में ही मौके पर पहुंच गई। महिला को लेकर एम्बुलेंस कर्मी अस्पताल की ओर रवाना हुए तो गांव से निकलने के एक किलोमीटर बाद ही महिला की हालात अधिक बिगड़ गई। ईएमटी अब्दुला ने एम्बुलेंस रुकवाई और डिलीवरी किट की मदद से सुरक्षित प्रसव कराया। इसके बाद लोनी सीएचसी पहुंचकर जच्चा-बच्चा को भर्ती कराया, जहां दोनों की हालात सामान्य बनी हुई है।