आगरा। यहां के डौकी, ताजगंज और शमसाबाद में शराब पीने के बाद दस लोगों की मौत हुई। छह शवों के पोस्टमार्टम हुए। चार का बिना पोस्टमार्टम अंतिम संस्कार कर दिया गया। एडीजी ने अपनी जांच में सभी दस मौतों को जहरीली शराब से माना है। तर्क दिया है कि जिनके पोस्टमार्टम नहीं हुए उनमें भी लक्षण वैसे ही थे जैसे जहरीली शराब पीने के बाद आते हैं। तीनों थानों में मुकदमे लिखे जा रहे हैं। वहीं ९ पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है। एडीजी राजीव कृष्ण ने बताया कि ताजगंज के गांव देवरी के तारा चंद का पोस्टमार्टम सबसे पहले हुआ था। मौत की वजह फेफड़ों की बीमारी आई। शमसाबाद के राजू का पोस्टमार्टम बुधवार को हुआ। मौत की वजह हृदयघात आया। इन दोनों के विसरा सुरक्षित रखे गए थे। दोनों के विसरा भी जांच के लिए भिजवाए जा रहे हैं। आगरा में जहरीली शराब बिकी। उसे पीने के बाद लोगों की जान गई। यह चार लोगों की बिसरा जांच से साफ हो गया। पुलिस को निर्देशित किया गया है गांव-गांव में छापेमारी की जाए। अवैध शराब बेचने वालों पर शिकंजा कसा जाए। जिस शराब को पीने से लोगों की जान गई उसे कहां से खरीदा गया था। जिन्होंने उसे बेचा उनके पास कहां से आई थी। यह पता लगाने के लिए पुलिस की कई टीमें लगाई गई हैं।